Ketan Agrawal Murder Case: पुणे के लोणावला स्थित लोहगढ़ किले में हुए व्यवसायी केतन अग्रवाल की मौत की गुत्थी पुलिस ने सुलझा ली है। जांच में सामने आया कि यह एक पूर्व-नियोजित साजिश थी, जिसे उनकी मंगेतर सिया और उसके कथित प्रेमी चेतन चौधरी ने मिलकर अंजाम दिया।
सीसीटीवी से मिला पहला अहम सुराग
पुलिस को किले के टिकट काउंटर के पास लगे सीसीटीवी फुटेज से महत्वपूर्ण संकेत मिले। फुटेज में केतन अग्रवाल 26 अपनी मंगेतर सिया 20 के साथ चलते दिखाई दिए, जबकि उनके पीछे एक युवक नजर आया जिसने गर्मी के बावजूद हुडी और शॉर्ट्स पहन रखे थे। उस दिन तापमान लगभग 33°C होने के कारण यह व्यवहार संदिग्ध माना गया।
फुटेज में यह भी दिखा कि जैसे ही सिया पीछे मुड़कर देखती, हुडी पहना युवक खुद को छिपाने के लिए नीचे झुक जाता था। बाद में उसकी पहचान चेतन चौधरी के रूप में हुई।
रिश्तों में तनाव और साजिश की शुरुआत
जांच में पता चला कि केतन और सिया की सगाई इसी साल फरवरी में हुई थी और नवंबर में शादी तय थी। हालांकि सिया इस रिश्ते से खुश नहीं थी और उसने शादी टालने की बात भी कही थी। इसी बीच वह चेतन के संपर्क में थी।
पहले भी की गई थी कोशिशें
पुलिस के अनुसार, सिया कई बार केतन को लोहगढ़ किले ले जाने पर जोर देती रही। 14 जून को कथित तौर पर उसने केतन को धक्का देने की कोशिश भी की थी, लेकिन वह बच गए। इस दौरान संदिग्ध परिस्थितियों में केतन का पासपोर्ट भी गायब हो गया, जिससे उनका विदेश यात्रा का प्लान रद्द हो गया।
कॉल रिकॉर्ड्स और डिजिटल सबूत
फोन रिकॉर्ड्स से सिया और चेतन के बीच लंबे समय तक बातचीत की पुष्टि हुई। इसके अलावा सोशल मीडिया तस्वीरों और सीसीटीवी फुटेज के मिलान से पुलिस का शक मजबूत हो गया।
पूछताछ में खुलासा
पुलिस हिरासत में पूछताछ के दौरान चेतन चौधरी ने कथित तौर पर साजिश की बात स्वीकार की। जांच के अनुसार, दोनों ने मिलकर केतन को रास्ते से हटाने की योजना बनाई थी ताकि सिया की शादी टूटने के बाद सामाजिक बदनामी से बचा जा सके। लोणावला ग्रामीण पुलिस और क्राइम ब्रांच ने दोनों आरोपियों के खिलाफ हत्या और साजिश का मामला दर्ज कर आगे की जांच शुरू कर दी है।