Nepal: नेपाल के विदेश मंत्री शिशिर खनाल तीन दिवसीय यात्रा पर भारत पहुंचे

Nepal:  नेपाल के विदेश मंत्री शिशिर खनाल तीन दिवसीय भारत यात्रा के तहत दिल्ली पहुंचे, खनाल की इस यात्रा का उद्देश्य दोनों देशों के बीच सीमा विवाद पर नेपाल के प्रधानमंत्री बालेंद्र शाह की टिप्पणियों से उपजे विवाद के बीच द्विपक्षीय संबंधों को मजबूत करना है।

नेपाल के विदेशमंत्री का अपने भारतीय समकक्ष एस. जयशंकर के साथ व्यापक वार्ता करने का कार्यक्रम है। विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता रणधीर जायसवाल ने कहा, ‘‘नेपाल के साथ हमारा एक व्यापक एजेंडा है, जिसमें विकास सहयोग से लेकर लोगों के बीच संबंध, व्यापार और निवेश तक के मुद्दे शामिल हैं। दोनों देशों के विदेश मंत्रियों की मुलाकात के दौरान इन सभी मुद्दों पर चर्चा की जाएगी।’’

उन्होंने अपनी साप्ताहिक प्रेस वार्ता में कहा, ‘‘हम नेपाल के साथ अपनी इस बहुआयामी साझेदारी को और मजबूत करने के लिए उत्सुक हैं।’’ नेपाल के प्रधानमंत्री बालेंद्र शाह ने मार्च में सत्ता संभाली थी और उनके सरकार के किसी मंत्री की यह भारत की पहली यात्रा है। बालेंद्र शाह ने 31 मई को कहा था कि भारत के साथ लंबे समय से चले आ रहे सीमा विवाद पर चर्चा के अलावा, काठमांडू चीन और ब्रिटेन के साथ भी संपर्क में है।

भारत ने हालांकि नेपाल के साथ अपने सीमा विवाद को सुलझाने में किसी भी तीसरे पक्ष की भूमिका को सिरे से खारिज कर दिया। भारत ने कहा कि दोनों देशों के बीच सीमा मुद्दे के सभी पहलुओं से निपटने के लिए एक स्थापित द्विपक्षीय तंत्र मौजूद है। नेपाल और भारत के बीच लिपुलेख, लिम्पियाधुरा और कालापानी को लेकर पुराना सीमा विवाद है। भारत स्पष्ट रुख रहा है कि ये क्षेत्र उत्तराखंड का हिस्सा हैं।

भारत के समग्र रणनीतिक हितों के संदर्भ में उसके नेपाल के साथ संबंध महत्वपूर्ण है। दोनों देशों के नेताओं ने अक्सर सदियों पुराने ‘रोटी-बेटी’ के रिश्ते का उल्लेख किया है। नेपाल चारों ओर से भूमि सीमा से घिरा हुआ है और माल और सेवाओं के परिवहन के लिए भारत पर अत्यधिक निर्भर है। समुद्र तक नेपाल की पहुंच भारत के माध्यम से ही है, और वह अपनी अधिकांश आवश्यकताओं का आयात भारत से और भारत के माध्यम से ही करता है।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *