UP News: बकाया संपत्ति कर ने बढ़ा रखी है टेंशन…तो अब योगी सरकार ने खोल दिया है राहत का रास्ता। उत्तर प्रदेश के सभी 762 नगरीय निकायों में बकाया कर चुकाने के लिए एकमुश्त समाधान योजना यानी OTS लागू की गई है। इसके तहत बकायेदार आसान किस्तों में अपना पुराना संपत्ति कर जमा कर सकेंगे। बकाया करवसूली से निकायों की आय में बढ़ोतरी होने के साथ ही विकास की रफ़्तार भी तेज़ होगी।
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने बताया कि नगर निकायों ने प्रारंभ किया है, हर नगर निकाय की पास है संभावना जो मैं देख रहा था कई गुना आमदनी बढ़ी है डाई से तीन गुना तक की आमदनी हर नगर निकाय ने बढ़ाई है। 15 अगस्त से 15 दिसंबर 2026 तक चलने वाली इस योजना का लाभ राज्य के 17 नगर निगम, 200 नगर पालिका परिषद और 545 नगर पंचायतों के बकायेदार उठा सकेंगे। गृहकर, जलकर और सीवर कर के लंबित बकाये का आसान प्रक्रिया के तहत निस्तारण किया जाएगा।
नगर विकास मंत्री ने कहा कि ए.के. शर्मा ने कहा कि हमने शहरी नागरिकों के बोझ को कम करने के लिए वन टाइम सेटलमेंट स्कीम लेकर आए हैं, जो 15 अगस्त से पहले ही प्रभावी हो चुकी है। इतनी अच्छी योजना पूर्व में कभी नहीं आई थी, जिसमें हम 100 प्रतिशत ब्याज की माफी दे रहे हैं।))
राहत की ये ख़बर हर बकायेदारों तक पहुंचे, इसके लिए विशेष प्रचार अभियान चलाया जा रहा है। लोगों को योजना की जानकारी दी जा रही है, ताकि ज़्यादा से ज़्यादा पात्र करदाता इसका लाभ उठा सकें। OTS के तहत कुल बकाये को तीन किस्तों में जमा करने की सुविधा दी गई है। बकायेदार भी सरकार की इस योजना का लाभ उठाने के लिए उत्साहित दिख रहे हैं।
इसके साथ ही नगर पालिका परिषद के अध्यक्ष श्वेता भानु मिश्रा ने कहा कि उन्नाव ये योजना लोगों को ब्याज से राहत दिलाने के लिए चलाई गई है। 15 अगस्त से लेकर 15 दिसंबर तक ही इस योजना का लाभ उठाया जा सकता है। इसके माध्यम से टैक्स पर बढ़ी हुई ब्याज की राशि को हम पूर्णतः समाप्त कर रहे हैं, ताकि लोगों को राहत मिल सके।
OTS से नगरीय निकायों को लंबित राजस्व की समयबद्ध वसूली में मदद मिलेगी। यानी, योगी सरकार की कोशिश है कि बकाया भी वसूले जाएं, करदाताओं को राहत भी मिले और शहरों का विकास भी तेज़ हो।