Ukraine: यूक्रेन ने रूस पर आम लोगों के ट्रांसपोर्ट इंफ्रास्ट्रक्चर को निशाना बनाने का आरोप लगाया। उसके मुताबिक पेट्रोल स्टेशनों, शिपिंग और रेलवे पर हुए हमलों में कम से कम दो लोगों की मौत हो गई। कीव के अधिकारियों ने बताया कि राजधानी और उसके आस-पास के इलाकों में हमले हुए। एक पेट्रोल स्टेशन पर हुए हमले में घायल हुए 42 साल के व्यक्ति की अस्पताल में मौत हो गई।
अपनी शिफ्ट के बाद घर लौट रहे रेलवे के एक कर्मचारी को हमले के दौरान छर्रे लगने से चोट आई। यूक्रेन की रेलवे के प्रमुख ओलेक्सांद्र पर्टसोव्स्की ने कहा कि कीव का रेल नेटवर्क “हमलों की जद में” है। उन्होंने कीव के सेंट्रल स्टेशन का इस्तेमाल करने वाले यात्रियों से “पूरी” सावधानी बरतने की अपील की।
रूस ने फरवरी 2022 में बड़े पैमाने पर हमला शुरू कर दिया था। इसके बाद से ही यूक्रेन की सरकारी रेलवे लगातार चल रही है और लाइफलाइन बनी हुई है। लेकिन पर्टसोव्स्की ने इस महीने की शुरुआत में एएफपी को बताया कि हर हफ्ते हमले बदतर होते जा रहे हैं। खासकर पोलैंड सीमा के पास राजनयिकों द्वारा इस्तेमाल की जाने वाली ट्रेन पर हमले के बाद।
राष्ट्रपति वोलोदिमीर जेलेंस्की ने रूस पर “अर्थव्यवस्था को पंगु बनाने और लोगों की जिंदगी बर्बाद करने” की कोशिश करने का आरोप लगाया है। यूक्रेन के दक्षिणी ब्लैक सी पोर्ट ओडेसा में, रूसी हमले में कार्गो जहाज के कैप्टन की मौत हो गई। ये हमला दोनों तरफ से कमर्शियल जहाजों पर किए जा रहे हमलों की कड़ी का हिस्सा था, जिनका मकसद निर्यात को नुकसान पहुंचाना था।
ओडेसा के प्रमुख ओलेग किपर ने बताया कि यूक्रेनी कैप्टन उस जहाज का इंचार्ज था, जो एंटीगुआ और बारबुडा के झंडे के नीचे ब्लैक सी में चल रहा था। तुर्की के आईएमईएके चैंबर ऑफ शिपिंग के अनुसार, संघर्ष शुरू होने के बाद से ब्लैक सी में कम से कम 226 आम लोगों और कमर्शियल जहाजों पर हमले हुए हैं।
इनमें 70 प्रतिशत, यानी 163 हमले इस साल के पहले आठ महीनों में हुए। तुर्किये के जहाज लगातार हमलों की जद में आ रहे हैं। उसने रूस और यूक्रेन को आम लोगों के जहाजों पर हमले रोकने का प्रस्ताव भेजा, लेकिन दोनों दुश्मन देशों ने इस पर कोई कदम नहीं उठाया है।
तुर्किये के राष्ट्रपति रेसेप तैयप एर्दोगन ने मंगलवार को न्यूयॉर्क में संयुक्त राष्ट्र महासभा में कहा, “ब्लैक सी में कमर्शियल जहाजों पर हमले स्वीकार्य नहीं हैं, चाहे इसके लिए कोई भी जिम्मेदार हो।” रूस के रक्षा मंत्रालय ने कहा कि कीव में किए गए हमलों में यूक्रेनी सेना के लिए ड्रोन बनाने से जुड़े एक गोदाम और कारोबार को निशाना बनाया गया। ओडेसा में भी ऐसी ही जगहों और सैन्य सामान ले जा रहे एक जहाज को निशाना बनाया गया।