Dhanteras: धनतेरस के पावन अवसर पर देशभर में त्योहार की रौनक देखने को मिल रही है। इस खास मौके पर बॉलीवुड से लेकर राजनीति जगत की कई बड़ी हस्तियों ने देशवासियों को शुभकामनाएं दी हैं। बॉलीवुड अभिनेता अक्षय कुमार, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह और उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने सोशल मीडिया और अपने संदेशों के जरिए लोगों के सुख, समृद्धि और अच्छे स्वास्थ्य की कामना की। बॉलीवुड अभिनेता अक्षय कुमार ने धनतेरस पर अपने प्रशंसकों और देशवासियों को बधाई देते हुए मां लक्ष्मी से सभी के जीवन में खुशहाली और सौभाग्य बनाए रखने की प्रार्थना की। उन्होंने अपने संदेश में लिखा कि मां लक्ष्मी की कृपा हर परिवार पर बनी रहे और सभी के घर सुख-समृद्धि का वास हो।
वहीं, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने भी सुबह देशवासियों को धनतेरस की शुभकामनाएं दीं। उन्होंने भगवान धन्वंतरि का स्मरण करते हुए कामना की कि उनकी कृपा से हर व्यक्ति का जीवन सुख, शांति और उत्तम स्वास्थ्य से परिपूर्ण रहे। प्रधानमंत्री ने यह भी उम्मीद जताई कि देश के प्रत्येक घर में खुशियों और उत्साह का दीपक हमेशा प्रज्वलित रहे।
पीएम मोदी ने इस अवसर पर भगवान धन्वंतरि की स्तुति में एक संस्कृत श्लोक भी साझा किया। इस श्लोक के माध्यम से उन्होंने भगवान धन्वंतरि को नमन करते हुए उनसे रोग, बुढ़ापे और मृत्यु के भय से मुक्ति तथा आरोग्य का आशीर्वाद मांगा। केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने भी धनतेरस के अवसर पर सभी को बधाई दी। उन्होंने अपने संदेश में कहा कि यह पर्व समृद्धि और स्वस्थ जीवन का प्रतीक है। भगवान धन्वंतरि की कृपा से हर किसी के जीवन में सुख, शांति, खुशहाली और उत्तम स्वास्थ्य बना रहे। उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने धनतेरस की शुभकामनाओं के साथ प्रदेश के स्थानीय कारीगरों और शिल्पकारों को प्रोत्साहित करने का संदेश दिया। उन्होंने लोगों से त्योहार के दौरान स्वदेशी उत्पादों को खरीदने और स्थानीय हुनर को बढ़ावा देने की अपील की।
सीएम योगी ने कहा कि धनतेरस समृद्धि, शुभता और आरोग्य का प्रतीक है। इस अवसर पर प्रदेश के मेहनती कारीगरों और शिल्पकारों को भी अपनी खुशियों का हिस्सा बनाना चाहिए। उन्होंने उत्तर प्रदेश की पारंपरिक कलाओं का उल्लेख करते हुए भदोही के विश्वप्रसिद्ध कालीन, प्रयागराज की मूंज शिल्पकला, मैनपुरी की तारकशी और चित्रकूट के लकड़ी के खिलौनों को प्रदेश की विशिष्ट पहचान बताया।
गौरतलब है कि दीपावली का पर्व पांच दिनों तक मनाया जाता है और इसकी शुरुआत धनतेरस से होती है। इस दिन लोग सोना-चांदी, आभूषण, बर्तन और अन्य शुभ वस्तुओं की खरीदारी करते हैं। साथ ही भगवान धन्वंतरि और मां लक्ष्मी की पूजा-अर्चना भी की जाती है। धनतेरस के अगले दिन नरक चतुर्दशी मनाई जाती है, जिसे छोटी दिवाली के नाम से भी जाना जाता है। इसके बाद तीसरे दिन मुख्य दीपावली का पर्व आता है। इस दिन भगवान गणेश और माता लक्ष्मी की पूजा कर परिवार की सुख-समृद्धि और खुशहाली की कामना की जाती है।
दीपावली के चौथे दिन गोवर्धन पूजा होती है, जबकि पांचवें और अंतिम दिन भाई दूज का त्योहार मनाया जाता है। इस दिन बहनें अपने भाइयों के माथे पर तिलक लगाकर उनकी लंबी उम्र और सुखी जीवन की कामना करती हैं। वहीं, भाई अपनी बहनों को उपहार देकर उनके प्रति स्नेह व्यक्त करते हैं। इस तरह पांच दिनों तक चलने वाला दीपावली उत्सव देशभर में आस्था, परंपरा, खुशियों और आपसी प्रेम का संदेश देता है।