Amitabh: बॉलीवुड के महानायक अमिताभ बच्चन ने एक मीडिया संस्थान पर नाराजगी जाहिर करते हुए उस पर उनके बयान को गलत संदर्भ में प्रकाशित करने का आरोप लगाया। अभिनेता का कहना है कि भगवान श्रीकृष्ण की भक्ति में लिखी गई उनकी सोशल मीडिया पोस्ट को गलत तरीके से पेश किया गया, जिससे धार्मिक भावनाओं का भी अपमान हुआ है।
अमिताभ ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर अपनी नाराजगी जाहिर करते हुए कहा कि उनके करीब पांच करोड़ फॉलोअर्स में से महज 10 प्रतिशत लोग भी उनके एक इशारे पर जवाब देने के लिए तैयार हैं। दरअसल, अभिनेता ने 29 अक्टूबर को एक्स पर लिखा था, “अपने हाथी ले आओ, हम भी… हाथी घोड़ा पालकी, जय कन्हैया लाल की।” अमिताभ के मुताबिक, उनकी यह टिप्पणी भगवान कृष्ण की स्तुति से जुड़ी थी। हालांकि, एक मीडिया संस्थान ने इसे इस तरह प्रकाशित किया, मानो अभिनेता अपने विरोधियों को चुनौती दे रहे हों।
इस पर प्रतिक्रिया देते हुए बच्चन ने स्पष्ट किया कि ‘हाथी घोड़ा पालकी, जय कन्हैया लाल की’ भगवान कृष्ण के प्रति श्रद्धा व्यक्त करने वाला पारंपरिक जयकारा है। उन्होंने आरोप लगाया कि मीडिया ने इसका वास्तविक संदर्भ हटाकर केवल प्रचार पाने के लिए खबर को गलत ढंग से पेश किया। अभिनेता ने इसे ‘जय श्री कृष्ण’ के उद्घोष का अपमान बताते हुए कहा कि उनके शब्दों को जानबूझकर तोड़-मरोड़कर प्रस्तुत किया गया है। उन्होंने मीडिया को आगाह करते हुए कहा कि उनके 50 मिलियन फॉलोअर्स में से 10 फीसदी लोग भी जरूरत पड़ने पर प्रतिक्रिया देने के लिए तैयार हैं।
सोमवार तड़के किए गए एक अन्य पोस्ट में अमिताभ ने कहा कि उनके बयानों को जितना अधिक गलत तरीके से पेश किया जाएगा, विरोधी पक्ष को उतना ही ज्यादा जवाब देने का मौका मिलेगा। उन्होंने संबंधित मीडिया रिपोर्ट की हेडलाइन साझा करते हुए सवाल उठाया कि क्या इस तरह धर्म का अपमान करना उचित है।
अपनी लंबी पोस्ट में उन्होंने यह भी कहा कि गलती होने पर माफी मांगना और उसे सुधारना जिम्मेदार व्यवहार है, लेकिन कुछ मीडिया संस्थान अपनी गलतियों को अधिकार की तरह इस्तेमाल करते दिखाई देते हैं। 84 वर्षीय अमिताभ बच्चन लंबे समय से सोशल मीडिया पर सक्रिय हैं। वह उन शुरुआती फिल्मी सितारों में शामिल हैं, जिन्होंने ब्लॉगिंग को नियमित रूप से अपनाया। अपने ब्लॉग, एक्स और इंस्टाग्राम के जरिए वह प्रशंसकों से निजी अनुभव, फिल्मों से जुड़ी यादें और रोजमर्रा की बातें साझा करते रहते हैं। वह अपने चाहने वालों को अक्सर ‘एक्सटेंडेड फैमिली’ यानी ‘ईएफ’ कहकर संबोधित करते हैं।
अमिताभ हर रविवार को मुंबई स्थित अपने आवास ‘जलसा’ के बाहर जमा होने वाले प्रशंसकों का अभिवादन करने भी पहुंचते हैं। इस परंपरा को ‘संडे दर्शन’ कहा जाता है। हालांकि, इस रविवार प्रशंसकों से मुलाकात के दौरान अभिनेता बुलेटप्रूफ शीशे के पीछे नजर आए। यह अतिरिक्त सुरक्षा व्यवस्था 23 अक्टूबर को मुंबई की मेयर ऋतु तावड़े को मिले एक धमकी भरे ईमेल के बाद की गई। ईमेल में अमिताभ बच्चन के घर और गायक दिलजीत दोसांझ के मुंबई कॉन्सर्ट स्थल पर बम विस्फोट करने की धमकी दी गई थी।
पुलिस के अनुसार, यह धमकी भरा संदेश डिप्टी मेयर संजय घाड़ी को भी भेजा गया था। इसमें 31 अक्टूबर को एक स्कूल पर ग्रेनेड हमले की चेतावनी के साथ-साथ 31 अक्टूबर से 27 नवंबर के बीच अमिताभ बच्चन के जुहू स्थित आवास ‘जलसा’ को निशाना बनाने की धमकी भी दी गई थी, इस घटनाक्रम के बाद अभिनेता की सुरक्षा को लेकर अतिरिक्त सतर्कता बरती जा रही है।