WB polls: तृणमूल कांग्रेस प्रमुख और पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने भवानीपुर के एक ईवीएम ‘स्ट्रॉन्ग रूम’ का दौरा कर धांधली का आरोप लगाया और और चेतावनी दी कि मतगणना प्रक्रिया से किसी तरह की छेड़छाड़ नहीं की जाए।
दक्षिण कोलकाता के सखावत मेमोरियल स्कूल में अपने विधानसभा क्षेत्र भवानीपुर के मतगणना केंद्र में करीब चार घंटे बिताने के बाद बनर्जी रात करीब 12:07 बजे वहां से निकलीं। उन्होंने कहा कि निर्दिष्ट मतगणना क्षेत्र में केवल एक व्यक्ति को जाने की इजाजत दी जाएगी। उन्होंने संवाददाताओं से कहा, ‘‘वहां या तो उम्मीदवार या कोई एक एजेंट रुक सकता है। मैंने मीडिया के लिए भी एक सीसीटीवी कैमरा लगाने का सुझाव दिया है।’’
पारदर्शिता पर जोर देते हुए मुख्यमंत्री ने कहा, ‘‘जनता के वोटों को सुरक्षित रखा जाना चाहिए। मैं शिकायतें मिलने के बाद यहां पहुंची। केंद्रीय बलों ने शुरू में मुझे घुसने नहीं दिया।’’ चार मई को होने वाली मतगणना से पहले कड़े सुर में उन्होंने कहा, ‘‘अगर मतगणना प्रक्रिया से छेड़छाड़ का कोई इरादा है तो इसे बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।’’
बनर्जी शहर में हो रही मूसलाधार बारिश की परवाह किए बिना शाम को ‘स्ट्रॉन्ग रूम’ स्थल पर पहुंचीं। कोलकाता के महापौर और कोलकाता पोर्ट सीट से टीएमसी के उम्मीदवार फिरहाद हाकिम भी मौके पर पहुंचे, लेकिन वे मुख्यमंत्री से नहीं मिल सके क्योंकि वे पहले ही अपने चुनाव एजेंट के साथ स्ट्रॉन्ग रूम के अंदर जा चुकी थीं।
स्कूल परिसर के बाहर बनर्जी का इंतजार करते हुए फिरहाद हाकिम ने कहा, ‘‘मुख्यमंत्री के आने की सूचना मिलने पर मैं यहां पहुंचा, लेकिन मैं उनसे मिल नहीं सका क्योंकि वे पहले से ही परिसर के अंदर थीं और उम्मीदवार के रूप में अपने अधिकार का प्रयोग करते हुए स्ट्रॉन्ग रूम का दौरा कर रही थीं। मुझे वहां जाने की अनुमति नहीं मिली। मैं ये पुष्टि नहीं कर पाऊंगा कि अंदर वास्तव में क्या हो रहा है।’’
ये घटनाक्रम ऐसे समय में हुआ जब उत्तरी कोलकाता की दो सीटों से पार्टी के उम्मीदवार कुणाल घोष और शशि पांजा ने खुदीराम अनुशीलन केंद्र परिसर के बाहर धरना-प्रदर्शन किया। उनका आरोप था कि परिसर के स्ट्रॉन्ग रूम में रखी ईवीएम में छेड़छाड़ की जा रही है।