Gujarat: गुजरात के वडोदरा में पारंपरिक कपड़ों, गरबा और पुराने खेलों के जरिए राज्य की संस्कृति की झलक देखने को मिली। 60 से ज्यादा देशों के 120 से अधिक प्रतिनिधियों ने अपनी तीन दिन की यात्रा के दौरान गुजरात की समृद्ध विरासत को करीब से जाना।
इस दौरान कई प्रतिनिधियों ने पारंपरिक गुजराती कपड़े पहने और यहां के इतिहास, कला और परंपराओं के बारे में जानकारी ली। गरबा समारोह ने भी सभी का ध्यान खींचा।
प्रतिनिधियों ने एक पारंपरिक भारतीय व्यायामशाला का भी दौरा किया। यहां उन्होंने मल्लखंब और अखाड़े में कुश्ती के प्रदर्शन देखे। इस दौरान भारतीय कुश्ती और दुनिया के दूसरे देशों की कुश्ती परंपराओं के बीच समानताओं को लेकर भी चर्चा हुई। कुछ प्रतिनिधियों ने खेलों का प्रदर्शन देखने के साथ-साथ खुद भी पारंपरिक खेलों में शिरकत की।
इस पहल का मकसद वडोदरा की संस्कृति और विरासत को दुनिया भर में पहचान दिलाना है। उम्मीद है कि यहां आए प्रतिनिधि अपने साथ इन यादों को लेकर जाएंगे और अपने देशों में वडोदरा की परंपराओं और इतिहास के बारे में लोगों को बताएंगे।
तीन दिन के इस दौरे में अंतरराष्ट्रीय प्रतिनिधियों ने सांस्कृतिक कार्यक्रमों, ऐतिहासिक जगहों और पारंपरिक खेलों को करीब से देखा। इस दौरान उन्हें गुजरात के समृद्ध इतिहास और यहां की सदियों पुरानी परंपराओं के बारे में जानने का मौका मिला। साथ ही, उन्होंने यह भी जाना कि गुजरात अपनी सांस्कृतिक विरासत को आने वाली पीढ़ियों के लिए महफूज रखने के लिए किस तरह शिद्दत से कोशिश कर रहा है।