Independence Day: उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने शनिवार को भारत के 80वें स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर देहरादून स्थित अपने सरकारी आवास पर तिरंगा फहराया। इससे पहले मुख्यमंत्री धामी ने प्रदेशवासियों को स्वतंत्रता दिवस की हार्दिक बधाई और शुभकामनाएं दीं। उन्होंने देश को “मजबूत, समृद्ध और आत्मनिर्भर भारत” बनाने के लिए सामूहिक संकल्प लेने का आह्वान किया।
मुख्यमंत्री ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर अपने संदेश में कहा, “80वें स्वतंत्रता दिवस की सभी प्रदेशवासियों को हार्दिक बधाई एवं शुभकामनाएं। यह दिन उन वीर सपूतों के त्याग, तपस्या और अदम्य साहस को स्मरण करने का अवसर है, जिन्होंने राष्ट्र की स्वतंत्रता के लिए अपना सर्वस्व न्योछावर कर दिया। देश की आजादी के लिए प्राणों की आहुति देने वाले अमर शहीदों और स्वतंत्रता सेनानियों को कोटि-कोटि नमन।”
उन्होंने आगे कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में भारत आत्मविश्वास के साथ नई ऊंचाइयों की ओर बढ़ रहा है। मुख्यमंत्री ने कहा, “आइए, इस स्वतंत्रता दिवस पर राष्ट्रहित को सर्वोपरि रखते हुए मजबूत, समृद्ध और आत्मनिर्भर भारत के निर्माण में अपना योगदान देने का संकल्प लें।” वहीं, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने लाल किले की प्राचीर से देश को संबोधित करते हुए 2047 तक भारत के विकसित राष्ट्र बनने का विश्वास जताया। उन्होंने देशवासियों से ‘विकसित भारत’ के सपने को साकार करने के लिए मिलकर काम करने का आह्वान किया।
80वें स्वतंत्रता दिवस के शुभ अवसर पर शासकीय आवास परिसर में तिरंगा फहराकर राष्ट्र के अमर बलिदानियों को नमन किया।#IndependenceDay pic.twitter.com/ZkJrzGQxK4
— Pushkar Singh Dhami (@pushkardhami) August 15, 2026
सीएम ने कहा कि विकसित भारत के संकल्प को पूरा करने के लिए प्रत्येक नागरिक को अपने कार्यक्षेत्र में पूरी निष्ठा और समर्पण के साथ योगदान देना होगा। उन्होंने जनभागीदारी और सामूहिक प्रयासों को देश के विकास की महत्वपूर्ण ताकत बताया। मुख्यमंत्री ने कहा कि उत्तराखंड के समग्र, संतुलित और सतत विकास के लिए राज्य सरकार पूरी प्रतिबद्धता से काम कर रही है। प्रयास है कि विकास का लाभ प्रदेश के हर क्षेत्र और हर वर्ग तक पहुंचे। कहा कि सभी के सहयोग और सहभागिता से उत्तराखंड को देश का श्रेष्ठ राज्य बनाने की दिशा में लगातार काम किया जा रहा है। उन्होंने स्वतंत्रता दिवस को राष्ट्र के प्रति अपने कर्तव्यों का स्मरण कराने वाला दिन बताया।
उन्होंने कहा कि अब छोटे सपने पर्याप्त नहीं हैं। बड़े सपने हमारी सोच का विस्तार करते हैं और हमारी दृष्टि के क्षितिज को व्यापक बनाते हैं। प्रधानमंत्री ने जोर दिया कि संकल्प दृढ़ होना चाहिए, क्योंकि मजबूत संकल्प होने पर कठिनाइयों और आपदाओं के बीच भी आगे बढ़ने का रास्ता निकालने की क्षमता स्वाभाविक रूप से विकसित होती है।