Ram Mandir: अभिनेता और समाजसेवी सोनू सूद ने अयोध्या राम मंदिर चंदे में कथित गबन के मामले पर गंभीर चिंता व्यक्त करते हुए इसे बेहद “दुर्भाग्यपूर्ण” बताया और दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग की। मीडिया से बात करते हुए उन्होंने कहा, “मुझे लगता है यह बहुत दुर्भाग्यपूर्ण है। बड़ी श्रद्धा से ईश्वर के साथ जुड़ते हैं लोग। लोग अपनी मेहनत की कमाई दान करते हैं, अगर ऐसा कुछ होता है तो यह वाकई दुर्भाग्यपूर्ण है।
सूद ने आगे कहा, “जिम्मेदारों को सजा मिलनी चाहिए। मुझे ऐसा लगता है जिन्होंने ऐसा किया है, उनकी संपत्ति लेकर दान करवा देनी चाहिए।” श्री राम जन्मभूमि ट्रस्ट के महासचिव चंपत राय और सदस्य ट्रस्टी अनिल मिश्रा ने राम मंदिर के दान में कथित गबन की नैतिक जिम्मेदारी लेते हुए इस्तीफा दे दिया।
ये घटनाक्रम अयोध्या के राम मंदिर में प्राप्त दान में कथित गबन के संबंध में प्रथम सूचना रिपोर्ट (एफआईआर) दर्ज होने के बाद सामने आए हैं।
उत्तर प्रदेश सरकार के निर्देश पर भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) की कई धाराओं, जिनमें धारा 306, 316(5), 317(4), 317(5), 61 और 3(5) शामिल हैं, के तहत मामला दर्ज किया गया है।
एफआईआर में अनुकल्प मिश्रा, लवकुश मिश्रा, अविनाश शुक्ला, तिन्नू यादव, मनीष यादव और अन्य के नाम शामिल हैं। यह कार्रवाई अयोध्या से पूर्व सपा विधायक पवन पांडे के आरोपों के बाद की गई है, जिन्होंने दावा किया था कि राम मंदिर के दान में मिली 27 करोड़ रुपये से 7.5 करोड़ रुपये तक की राशि का गबन किया गया था।
इन दावों के जवाब में, राज्य सरकार ने श्री राम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट के अनुरोध पर कथित घोटाले की जांच के लिए 14 जून को तीन सदस्यीय विशेष जांच दल (एसआईटी) का गठन किया।