Politics: ‘वोट चोरी, सरकार चोरी, अब पार्टी चोरी’ वाले बयान पर सुधांशु त्रिवेदी का पलटवार

Politics: कांग्रेस नेता राहुल गांधी ने चुनाव आयोग के उस फैसले की कड़ी आलोचना की, जिसमें आयोग ने पश्चिम बंगाल उप-चुनावों के दौरान तृणमूल कांग्रेस के विरोधी गुटों को पार्टी का नाम और “फूल और घास” वाला चुनाव चिह्न इस्तेमाल न करने का निर्देश दिया था। राहुल गांधी ने कहा कि चुनाव आयोग की संवैधानिक जिम्मेदारी जनादेश की रक्षा करना है, लेकिन इसके बजाय वो उन्हीं ताकतों की मदद कर रहा है जो जनता के फैसले को पलट देती हैं।

राहुल गांधी ने ‘एक्स’ पर हिंदी में एक पोस्ट में कहा, “पहले शिवसेना, फिर एनसीपी और अब तृणमूल कांग्रेस। हर बार एक ही पैटर्न – बीजेपी और चुनाव आयोग मिलकर किसी पार्टी को तोड़ते हैं। फिर उसका चुनाव चिह्न छीन लिया जाता है।” लोकसभा में विपक्ष के नेता ने कहा कि जब पूरी पार्टी ही चोरी की जा सकती है, तो इसमें कोई हैरानी की बात नहीं है कि करोड़ों भारतीयों के वोट भी चोरी किए जा सकते हैं।

राहुल गांधी ने कहा, “वोट चोरी। सरकार चोरी। अब पार्टी चोरी – ये हमारे लोकतांत्रिक पतन के प्रतीक बन गए हैं।” उन्होंने कहा, “चुनाव आयोग की संवैधानिक जिम्मेदारी जनादेश की रक्षा करना है, लेकिन इसके बजाय वो उन्हीं ताकतों की मदद कर रहा है जो जनता के फैसले को पलट देती हैं।”

राहुल गांधी ने कहा, “ये लड़ाई सिर्फ ममता बनर्जी की नहीं है। ये हर उस राजनैतिक दल और हर उस वोटर की लड़ाई है जो निष्पक्ष चुनाव चाहता है।” कांग्रेस ने चुनाव आयोग के उस फैसले की निंदा की, जिसमें आयोग ने ऑल इंडिया तृणमूल कांग्रेस के विरोधी गुटों को पश्चिम बंगाल उप-चुनावों के दौरान पार्टी का नाम और “फूल और घास” वाला चुनाव चिह्न इस्तेमाल न करने का निर्देश दिया था, कांग्रेस ने आरोप लगाया कि ये चुनाव आयोग द्वारा अपनी संवैधानिक जिम्मेदारी से पीछे हटने जैसा है।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *