STEM: गोवा के बच्चे अब किताबों की चारदीवारी से बाहर निकलकर सीधे अंतरिक्ष की सैर कर रहे हैं। विज्ञान अब ब्लैकबोर्ड के दायरे से निकलकर 360 डिग्री के डिजिटल आसमान में दिखने लगा है। मुख्यमंत्री डॉ. प्रमोद सावंत के मार्गदर्शन में तारे जमीन पर, मोबाइल प्लैनेटेरियम और STEM शिक्षा अभियान की शुरुआत ने शिक्षा को एक नए अनुभव में बदल दिया है।
गोवा सरकार की इस पहल के तहत एक इन्फ्लेटेबल मोबाइल प्लैनेटेरियम तैयार किया गया है। इसमें अत्याधुनिक डिजिटल प्रोजेक्शन के जरिए छात्रों को अंतरिक्ष और खगोल विज्ञान से रूबरू कराया जा रहा है। इसके साथ ही STEM किट्स के जरिए रॉकेट लॉन्चिंग और वैज्ञानिक प्रयोगों का लाइव अनुभव भी दिया जा रहा है।
इस कार्यक्रम का फोकस ग्रामीण स्कूलों पर ज्यादा है। इन इलाकों में इस कार्यक्रम ने छात्र और शिक्षकों दोनों को प्रभावित किया है। बच्चों का कहना है कि इस पहल के बाद विज्ञान अब उनके लिए पहले से ज्यादा आसान और दिलचस्प हो गया है। वहीं, शिक्षक भी इसे एक बड़ा बदलाव मान रहे हैं।
इस पहल से छात्रों में विज्ञान के प्रति रुचि और आत्मविश्वास दोनों बढ़ रहा है। मोबाइल प्लैनेटेरियम अब सीखने को सिर्फ विषय नहीं, बल्कि एक रोमांचक अनुभव भी बना रहा है।