Trump: राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने घोषणा की है कि वह ईरान को “पूरी तरह हरा देंगे” और “जल्द ही” होर्मुज जलडमरूमध्य को अमेरिकी क्षेत्र का हिस्सा घोषित कर देंगे। हालांकि, ईरान के उप-विदेश मंत्री काजेम गरीबाबादी ने इस दावे को खारिज करते हुए कहा कि ये जलडमरूमध्य “ईरान का रहा है, ईरान का है और ईरान का ही रहेगा”।
ट्रंप ने बार-बार कहा है कि ऊर्जा के लिए अहम जलमार्ग, जिसे तेहरान ने पश्चिम एशिया युद्ध की शुरुआत में असल में बंद कर दिया था, वो अमेरिकी कब्जे में है, उनके इस दावे का इस्लामिक गणराज्य खंडन करता रहा है। होर्मुज जलडमरूमध्य से दुनिया की कुल तेल आपूर्ति का लगभग पांचवां हिस्सा गुजरता है और ये इस युद्ध का सबसे पेंच साबित हो रहा है। इस गतिरोध के कारण अमेरिका में नवंबर में होने वाले मध्यावधि चुनावों से पहले वहां की राजनीति में ऊर्जा की कीमतें एक मुख्य मुद्दा बनी हुई हैं।
होर्मुज पर हमारा पूरा नियंत्रण’
ट्रंप इससे पहले भी होर्मुज जलडमरूमध्य पर अमेरिका के “पूर्ण नियंत्रण” का दावा कर चुके हैं। 12 अगस्त को उन्होंने कहा था कि अमेरिकी नौसैनिक नाकेबंदी के कारण जलमार्ग पर अमेरिका का प्रभावी नियंत्रण है। वहीं, ईरान इन दावों को खारिज करता रहा है और जलडमरूमध्य पर अपने नियंत्रण की बात कहता है।
होर्मुज जलडमरूमध्य वैश्विक ऊर्जा आपूर्ति के लिए बेहद महत्वपूर्ण समुद्री मार्ग है। ईरान और अमेरिका के बीच बढ़ते तनाव के कारण यहां से जहाजों की आवाजाही लगभग ठप हो गई है, जिससे वैश्विक तेल आपूर्ति और ऊर्जा कीमतों पर दबाव बढ़ा है।
ईरान ने ट्रंप के दावे को किया खारिज
ट्रंप के बयान पर ईरान की ओर से तीखी प्रतिक्रिया सामने आई है। ईरानी अधिकारियों ने कहा है कि होर्मुज को किसी ट्वीट, विमानवाहक पोत या आदेश के जरिए कब्जे में नहीं लिया जा सकता। तेहरान का कहना है कि जलडमरूमध्य पर नियंत्रण ईरान के पास है और इसे कब खोला या बंद किया जाएगा, इसका फैसला वही करेगा।