Russia: रूस में संसद के निचले सदन ‘स्टेट ड्यूमा’ के लिए तीन दिवसीय मतदान प्रक्रिया की शुरुआत हो चुकी है। 2022 में यूक्रेन पर पूर्ण पैमाने पर किए गए आक्रमण के बाद यह पहला युद्धकालीन संसदीय चुनाव है। वैसे तो चुनावी परिणाम राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन की सत्ताधारी पार्टी ‘यूनाइटेड रशिया’ के पक्ष में रहने की पूरी संभावना है।
फरवरी 2022 में यूक्रेन में सेना भेजने के बाद से यह रूस का पहला संसदीय चुनाव है। इस संघर्ष में अब तक लाखों लोग मारे जा चुके हैं।
चुनाव लड़ने के लिए सिर्फ उन्हीं पार्टियों को रजिस्टर किया गया है जो पुतिन और क्रेमलिन के लंबे समय से चल रहे मिलिट्री कैंपेन का समर्थन करते हैं। मॉस्को ने यूक्रेन के कब्जे वाले इलाकों में भी वोटिंग का इंतजाम किया है। हालांकि रूस में शायद ही किसी को शक हो कि पुतिन की ‘यूनाइटेड रशिया’ पार्टी फिर से जीत हासिल करेगी, लेकिन यह वोट क्रेमलिन के लिए यूक्रेन युद्ध के प्रति जनता का समर्थन जानने का एक मौका है। इस युद्ध का असर इस साल पहले से कहीं ज्यादा लोगों पर पड़ा है।
रूस की संसद के निचले सदन, ‘ड्यूमा’ की 450 सीटों के लिए वोटिंग रविवार शाम तक चलेगी। रूस के 11 टाइम जोन में से प्रशांत महासागर के किनारे स्थित कामचटका प्रायद्वीप और चुकोटका में सबसे पहले वोटिंग शुरू हुई।
पुतिन 1999 की न्यू ईयर ईव से रूस पर शासन कर रहे हैं और उनकी ‘यूनाइटेड रशिया’ पार्टी 2000 के दशक की शुरुआत से ही रूसी राजनीति पर हावी रही है। मॉस्को ने अपने यूक्रेन कैंपेन की आलोचना पर रोक लगा दी है और क्रेमलिन के कड़े नियंत्रण वाले रूसी चुनावों में शायद ही कोई चौंकाने वाली बात देखने को मिले।