Delhi Protest: कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे ने रविवार को बीजेपी पर तीखा हमला बोलते हुए केंद्र के साथ-साथ महाराष्ट्र, बिहार और उत्तर प्रदेश की सरकारों पर कथित तौर पर ‘वोट चोरी’ के जरिए सत्ता हासिल करने का आरोप लगाया। दिल्ली के रामलीला मैदान में INDIA गठबंधन की रैली को संबोधित करते हुए उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को सत्ता से हटाने की मांग की। खरगे ने दावा किया कि मौजूदा सरकार के रहते देश में लोकतंत्र खतरे में है।
अपने संबोधन में खरगे ने आरोप लगाया कि सत्ताधारी दलों को जनता का वास्तविक समर्थन हासिल नहीं है और वे चुनावी प्रक्रिया में कथित गड़बड़ियों के जरिए सत्ता में पहुंचे हैं। उन्होंने केंद्र सरकार के साथ महाराष्ट्र, बिहार और उत्तर प्रदेश की सरकारों को भी अपने निशाने पर लिया।
खरगे ने कहा कि देश में लोकतांत्रिक व्यवस्था को सुरक्षित रखने के लिए प्रधानमंत्री मोदी को सत्ता से हटाना आवश्यक है। इस रैली में INDIA गठबंधन के कई प्रमुख नेता शामिल हुए। इनमें कांग्रेस नेता राहुल गांधी, सोनिया गांधी और प्रियंका गांधी वाड्रा के अलावा समाजवादी पार्टी के अध्यक्ष अखिलेश यादव भी मौजूद रहे।
यह विरोध प्रदर्शन मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार और मतदाता सूचियों के विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) के खिलाफ आयोजित किया गया था। ‘चलो दिल्ली’ मार्च में शामिल होने के लिए देश के विभिन्न हिस्सों से विपक्षी नेता और समर्थक राजधानी पहुंचे। विपक्षी दलों ने मतदाता सूची में कथित अनियमितताओं और SIR प्रक्रिया को लेकर सवाल उठाए।
विरोध मार्च मिंटो रोड-राजीव चौक जंक्शन से शुरू हुआ और रामलीला मैदान पहुंचकर समाप्त हुआ। यह प्रदर्शन 31 अक्टूबर को दिल्ली में मुख्य चुनाव आयुक्त के खिलाफ आयोजित सार्वजनिक महाभियोग कार्यक्रम के अगले दिन हुआ।
दूसरी ओर, बीजेपी नेता और संबलपुर के सांसद धर्मेंद्र प्रधान ने रविवार को हरियाणा के फरीदाबाद में पार्टी की ‘लोकतंत्र बचाओ, अराजकता हटाओ’ पदयात्रा में हिस्सा लिया। इस दौरान उन्होंने कांग्रेस और राहुल गांधी पर लोकतांत्रिक संस्थाओं के प्रति अविश्वास जताने का आरोप लगाया।
इस पदयात्रा में केंद्रीय राज्य मंत्री कृष्ण पाल गुर्जर, राज्य मंत्री राजेश नागर, हरियाणा के खेल मंत्री गौरव गौतम, कई विधायक और बीजेपी कार्यकर्ता भी शामिल हुए। पार्टी ने इस आयोजन को अपने देशव्यापी अभियान के हिस्से के रूप में आयोजित किया था।