Kamkandala Fort: मध्य प्रदेश के कटनी जिले के बिलहरी में स्थित कामकंदला किला आज उपेक्षा का शिकार है। सदियों पुराना ये किला एक प्रेम कहानी से जुड़ा है, लेकिन देखरेख की कमी के कारण अब धीरे-धीरे खंडहर में बदल रहा है।
स्थानीय लोककथाओं के अनुसार, राजा कामसेन के दरबार में कामकंदला नाम की एक नर्तकी थी। उसे माधवानल नाम के एक संगीतकार से प्यार हो गया था। राजा को दोनों का रिश्ता पसंद नहीं था, इसलिए उन्होंने माधवानल को अपने राज्य से बाहर निकाल दिया।
ये प्रेम कहानी आज भी बिलहरी के इतिहास का हिस्सा है। हालांकि, इस कहानी से जुड़ा ऐतिहासिक किला अब बदहाली का सामना कर रहा है। इसकी देखरेख और संरक्षण की जरूरत है, ताकि आने वाली पीढ़ियां इस विरासत को जान सकें।
स्थानीय लोगों का कहना है कि अधिकारियों को इस ऐतिहासिक किले की देखरेख और मरम्मत पर ध्यान देना चाहिए, ताकि इसे खंडहर होने से बचाया जा सके।
कटनी जिला मुख्यालय से करीब 15 किलोमीटर दूर स्थित बिलहरी को ‘पुष्पावती नगरी’ के नाम से भी जाना जाता है। माना जाता है कि 11वीं सदी में बिलहरी कलचुरी राजवंश की राजधानी थी। यह जगह अपने ऐतिहासिक महत्व और पुरानी विरासत के लिए जानी जाती है।