Jodhpur Airport:प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने जोधपुर एयरपोर्ट के नए अत्याधुनिक टर्मिनल भवन का लोकार्पण किया। लगभग 2.52 लाख वर्ग फुट क्षेत्र में निर्मित यह टर्मिनल प्रतिवर्ष 20 लाख से अधिक यात्रियों को संभालने में सक्षम है। उद्घाटन समारोह में राजस्थान के राज्यपाल, मुख्यमंत्री, केंद्रीय नागरिक उड्डयन मंत्री, केंद्रीय संस्कृति मंत्री, नागरिक उड्डयन राज्य मंत्री, राजस्थान के मुख्य सचिव, भारतीय विमानपत्तन प्राधिकरण (AAI) के अध्यक्ष तथा अन्य वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित रहे।
भारतीय विमानपत्तन प्राधिकरण (AAI) द्वारा विकसित और प्रतिष्ठित वास्तुशिल्प संस्था STHAPATI द्वारा डिज़ाइन किया गया यह नया टर्मिनल भारत के विमानन क्षेत्र के विस्तार और राजस्थान के बढ़ते पर्यटन उद्योग की दिशा में एक महत्वपूर्ण उपलब्धि माना जा रहा है।
पर्यटन और कनेक्टिविटी को मिलेगा नया आयाम
शहर के बाहरी क्षेत्र में स्थित यह नया टर्मिनल राजस्थान के प्रमुख पर्यटन केंद्रों—जयपुर, उदयपुर और जोधपुर—को और अधिक मजबूती प्रदान करेगा। अपनी नीली बस्तियों, विश्व प्रसिद्ध मेहरानगढ़ किले और भव्य डेस्टिनेशन वेडिंग्स के लिए प्रसिद्ध जोधपुर हर वर्ष लाखों देशी-विदेशी पर्यटकों को आकर्षित करता है। नई टर्मिनल सुविधा बढ़ती यात्री संख्या को संभालने के साथ-साथ शहर को भविष्य में अंतरराष्ट्रीय पर्यटन एवं विमानन मानचित्र पर और मजबूत स्थान दिलाने में मदद करेगी।
विरासत और आधुनिकता का अद्भुत संगम
नया टर्मिनल जोधपुर की समृद्ध राजपूताना विरासत और आधुनिक विमानन सुविधाओं का सुंदर मेल प्रस्तुत करता है। इसकी वास्तुकला में राजस्थानी शाही शैली की झलक दिखाई देती है, जिसमें कलशयुक्त गुंबद, कमलाकार आधार, आकर्षक स्तंभ और बहुपंखुड़ी मेहराबें शामिल हैं।
टर्मिनल के अंदर मारवाड़ शैली की चित्रकला, राजस्थानी मोर भित्ति चित्र और झरोखा डिज़ाइन स्थानीय संस्कृति एवं कला को जीवंत बनाते हैं। इन कलात्मक तत्वों का डिज़ाइन और निर्माण ‘प्रस्तुति’ के महेंद्र कोडवानी द्वारा किया गया है।
यात्रियों को मिलेगा सहज और आधुनिक अनुभव
20 लाख वार्षिक यात्रियों की क्षमता वाले इस टर्मिनल को यात्रियों की सुविधा और संचालन दक्षता को ध्यान में रखते हुए तैयार किया गया है। इसमें आधुनिक चेक-इन काउंटर, सुव्यवस्थित सुरक्षा जांच व्यवस्था, उन्नत बैगेज हैंडलिंग सिस्टम तथा यात्रियों और स्टाफ के लिए अलग-अलग आवागमन मार्ग उपलब्ध कराए गए हैं, जिससे यात्रा अनुभव अधिक सुगम और तेज़ होगा।
पर्यावरण अनुकूल और ऊर्जा दक्ष भवन
यह टर्मिनल GRIHA प्रमाणन प्राप्त करने के उद्देश्य से विकसित किया गया है। भवन के डिज़ाइन में ऊर्जा संरक्षण और पर्यावरणीय स्थिरता को प्राथमिकता दी गई है। गहरे ओवरहैंग, ग्लास फाइबर रिइन्फोर्स्ड कंक्रीट (GFRC), ऊर्जा दक्ष ग्लेज़िंग और सौर ऊर्जा पैनलों जैसी विशेषताओं को शामिल किया गया है।
ऊर्जा अध्ययन के अनुसार यह टर्मिनल समान श्रेणी के अन्य हवाई अड्डा भवनों की तुलना में 50 प्रतिशत से अधिक कम ऊर्जा की खपत करेगा।
पश्चिमी राजस्थान के विकास को मिलेगा बल
जोधपुर एयरपोर्ट का नया टर्मिनल पश्चिमी राजस्थान में पर्यटन, आतिथ्य उद्योग और रोजगार सृजन को नई गति देगा। बेहतर हवाई संपर्क से क्षेत्रीय आर्थिक विकास को बढ़ावा मिलेगा तथा राज्य की विमानन क्षमता और निवेश संभावनाएं मजबूत होंगी। विशेषज्ञों का मानना है कि भविष्य में घरेलू और अंतरराष्ट्रीय उड़ानों के विस्तार के साथ यात्री यातायात में उल्लेखनीय वृद्धि देखने को मिलेगी।
STHAPATI ने तैयार किया डिज़ाइन
इस आधुनिक टर्मिनल का डिज़ाइन नई दिल्ली और लखनऊ स्थित बहु-विषयक वास्तुशिल्प फर्म STHAPATI ने तैयार किया है। कंपनी भारत, मॉरीशस और न्यूज़ीलैंड सहित विभिन्न देशों में 10 करोड़ वर्ग फुट से अधिक क्षेत्र में फैली परियोजनाओं पर कार्य कर चुकी है।
STHAPATI का नेतृत्व प्रमुख वास्तुकार खुशबू बंसल और हर्ष वर्श्नेय कर रहे हैं। दोनों विशेषज्ञों ने विमानन, शहरी गतिशीलता और बड़े बुनियादी ढांचा विकास परियोजनाओं के माध्यम से भारत की वैश्विक डिज़ाइन पहचान को सशक्त बनाने में महत्वपूर्ण योगदान दिया है।