Rajasthan: राजस्थान में 17 साल में पहली बार सामान्य से कम बारिश दर्ज की गई, इस मानसून सीजन में औसत बारिश से 18 फीसदी कम बारिश हुई। मौसम विभाग के अनुसार, जून और जुलाई में बारिश काफी अच्छी रही, लेकिन अगस्त और सितंबर में भारी कमी की वजह से मानसून सीजन में कुल बारिश का आंकड़ा नीचे आगया।
राजस्थान से मानसून की वापसी के बाद, अगले चार-पांच दिनों तक राज्य के अधिकांश हिस्सों में मौसम आम तौर पर खुष्क रहने का अनुमान है। हालांकि, 10 अक्टूबर से एक कमजोर पश्चिमी विक्षोभ के सक्रिय होने की वजह से राजस्थान के उत्तरी और उत्तर-पश्चिमी हिस्सों में हल्की बारिश होने का अनुमान है और आंधी-तूफान आ सकता है।
वहीं भारत मौसम विज्ञान विभाग के मुताबिक भारत में जून से सितंबर के बीच इस साल एलपीए यानी दीर्घावधि औसत की 87.4 प्रतिशत बारिश हुई, जो 2001 के बाद मानसून सीजन में चौथी सबसे कम बारिश है। आईएमडी ने कहा कि इस मानसून सीजन में बारिश की कमी की एक प्रमुख वजह उष्णकटिबंधीय प्रशांत क्षेत्र में जून में उभरी अल नीनो की स्थिति थी, जो उसके बाद से मजबूत होती गई।
उसके मुताबिक, इस मानसून सीजन देश में 759.4 मिलीमीटर बारिश दर्ज की गई, जबकि सामान्य बारिश 868.6 मिलीमीटर होती है। यह सामान्य से 13 फीसदी कम है।