Snowfall: पहाड़ों की रानी मसूरी में मौसम ने अचानक करवट ले ली है, सुबह से ही शहर और आसपास के इलाकों में हल्की बारिश के साथ बर्फ के फुहारे देखने को मिले, जिससे ठंड में इज़ाफा हो गया। लंबे समय से शुष्क मौसम झेल रहे मसूरीवासियों और पर्यटकों के चेहरे इस बदलाव से खिल उठे हैं।
सुबह के समय आसमान में काले बादल छाए रहे और रुक-रुक कर हल्की बारिश होती रही। ऊंचाई वाले क्षेत्रों में बर्फ के हल्के फुहारों ने मौसम को और भी सुहावना बना दिया। बारिश और ठंड बढ़ने के कारण लोग गर्म कपड़ों और अलाव का सहारा लेते नजर आए। तापमान में आई गिरावट से ठंड का अहसास साफ तौर पर महसूस किया जा रहा है।
स्थानीय लोगों का कहना है कि बीते करीब तीन महीनों से मसूरी और आसपास के क्षेत्रों में न तो बारिश हुई और न ही बर्फबारी, जिससे काश्तकारों को काफी नुकसान उठाना पड़ा। सूखी ठंड के चलते सर्दी-जुकाम, त्वचा रोग और सांस संबंधी बीमारियों के मामले भी बढ़े हैं। ऐसे में बारिश और संभावित बर्फबारी से लोगों को बड़ी राहत मिली है।
किसानों और काश्तकारों को उम्मीद है कि इस बदलाव से फसलों को लाभ पहुंचेगा और जमीन में नमी लौटेगी। वहीं, पर्यटन कारोबार से जुड़े लोगों का मानना है कि अगर आने वाले दिनों में बर्फबारी होती है तो मसूरी में पर्यटकों की संख्या में इजाफा होगा, जिससे स्थानीय अर्थव्यवस्था को मजबूती मिलेगी।
मौसम विभाग ने पहले ही उत्तराखंड के ऊंचाई वाले पर्वतीय क्षेत्रों में बारिश और बर्फबारी की संभावना जताई थी। विभाग के अनुसार आज पूरे राज्य के पहाड़ी इलाकों में मौसम खराब रहने के आसार हैं, जो अब सही साबित होते नजर आ रहे हैं। मौसम विशेषज्ञों का कहना है कि अगले 24 से 48 घंटों में मसूरी और आसपास के क्षेत्रों में बारिश और बर्फबारी की गतिविधियां और तेज हो सकती हैं।
फिलहाल, मसूरी में मौसम का यह बदला हुआ रूप लोगों के लिए राहत और उम्मीद दोनों लेकर आया है। अब सभी की निगाहें आसमान पर टिकी हैं और बर्फबारी का बेसब्री से इंतजार किया जा रहा है।