LPG Shortage: देश के कुछ हिस्सों से एलपीजी सिलेंडरों के लिए लंबी कतारें लगने की खबरें लगातार आ रही हैं, महाराष्ट्र के भिवंडी में लोग गैस सिलेंडरों के लिए इंतजार करते दिखे। कुछ ग्राहकों ने बताया कि सिलेंडर पाने की उम्मीद में वे पूरी रात कतार में खड़े रहे।
इंतज़ार करने वालों में महिलाएं, बुज़ुर्ग नागरिक और दिहाड़ी मज़दूर शामिल थे। इनमें से कई लोगों का कहना था कि वे कई दिनों से चक्कर लगा रहे हैं लेकिन उनके हाथ मायूसी ही लग रही है। कुछ प्रवासी मजदूरों ने बताया कि उनके कई साथी अपने गृह नगरों के लिए रवाना होने लगे हैं, क्योंकि गैस खत्म होने की वजह से उनके पास खाना पकाने का कोई दूसरा इंतजाम नहीं है।
दिल्ली के कई इलाकों में भी कुछ इसी तरह की तस्वीरें देखने को मिलीं, जहांगीरपुरी इलाके के एक एलपीजी डीलर ने बताया कि सिलेंडरों की कोई कमी नहीं है। साथ ही उन्होंने आरोप लगाया कि लोग सिलेंडर हासिल करने और उन्हें जमा करने के लिए उनकी एजेंसी पर भीड़ लगा रहे हैं, ताकि वे सिलेंडरों की कालाबाजारी कर उन्हें बढ़ी हुई कीमतों पर बेच सकें।
गैस एजेंसी के मालिक ने बताया कि उन्हें बाउंसर रखने और यहां तक कि पुलिस को बुलाने के लिए भी मजबूर होना पड़ा। उन्होंने दावा किया कि नाराज दिख रहे ग्राहकों ने संपत्ति को नुकसान पहुंचाने की धमकी भी दी थी। वहीं खुद को आम आदमी पार्टी का पूर्व नगर पार्षद बताने वाले एक शख्स ने आरोप लगाया कि लोगों को सिलेंडर नहीं मिल रहे हैं क्योंकि उनकी कालाबाजारी की जा रही है। हालांकि उन्होंने ये साफ नहीं किया कि वो आरोप किस पर लगा रहे हैं?
सरकार ने बताया कि भारत के पास लगभग 60 दिनों का बफर तेल स्टॉक है और उसने पूरे एक महीने की एलपीजी सप्लाई का इंतजाम कर लिया है। सरकार ने यह भी कहा कि पेट्रोल, डीजल या एलपीजी की कोई किल्लत नहीं है। पेट्रोलियम और प्राकृतिक गैस मंत्रालय ने साफ किया है कि देश में ईंधन की कोई कमी नहीं है और कमी की खबरें पूरी तरह भ्रामक और गलत प्रचार हैं, जिनका मकसद घबराहट में खरीदारी को बढ़ावा देना है।
पश्चिम एशिया में युद्ध शुरू होने के बाद मंत्रालय ने पहली बार कच्चे तेल, ईंधन और एलपीजी के स्टॉक की जानकारी साझा की है, ताकि लोगों की घबराहट को शांत किया जा सके।