Bank Strike: पांच दिवसीय कार्य सप्ताह को तत्काल लागू करने की मांग को लेकर यूनाइटेड फोरम ऑफ बैंक यूनियंस की देशव्यापी हड़ताल जारी है। इसका असर मंगलवार को देश भर के सार्वजनिक क्षेत्र के बैंकों के कामकाज पर दिखा। अधिकारियों और कर्मचारियों का प्रतिनिधित्व करने वाले नौ संगठनों के संयुक्त निकाय यूएफबीयू द्वारा हड़ताल का यह आह्वान 23 जनवरी को मुख्य श्रम आयुक्त के साथ हुई सुलह बैठक के नाकाम होने के बाद आया।
देश भर में सार्वजनिक क्षेत्र के बैंकों की अधिकांश शाखाएं पूरी तरह से या आंशिक रूप से बंद रहीं क्योंकि कर्मचारी और अधिकारी दोनों हड़ताल में शामिल हो गए हैं। सार्वजनिक क्षेत्र के सभी बैंकों की शाखाओं में नकद जमा, निकासी, चेक क्लियरेंस और प्रशासनिक कार्य जैसी सेवाएं प्रभावित हुई हैं।
‘यूनाइटेड फोरम ऑफ बैंक यूनियंस’ शनिवार को अवकाश घोषित करने की मांग कर रही है। यह एक महत्वपूर्ण मुद्दा है जिस पर कथित तौर पर मार्च 2024 में ‘इंडियन बैंक्स एसोसिएशन’ के साथ हस्ताक्षरित 12वें द्विपक्षीय समझौते के दौरान सहमति बनी थी। हालांकि सरकार ने अभी तक इस संबंध में अधिसूचना जारी नहीं की है।
वर्तमान में बैंक महीने के पहले, तीसरे और पांचवें शनिवार को खुले रहते हैं।