Iran: ईरान में संघर्ष तेज हो रहा है, इस बीच तेहरान ने दावा किया है कि उसने अमेरिका के दो अहम सैन्य विमानों, ए-10 वॉर्थोग और F-15E स्ट्राइक ईगल को मार गिराया है, ये विमान अलग-अलग उद्देश्यों को पूरा करते हैं। एक सैन्य विमान जमीन पर मौजूद सैनिकों की मदद करता है, जबकि दूसरा दुश्मन के इलाके में काफी अंदर तक जाकर हमला करता है।
A-10 थंडरबोल्ट टू को वॉर्थोग भी कहा जाता है। इसे नजदीकी हवाई सहायता के लिए बनाया गया है। यह कम ऊंचाई पर उड़ता है और टैंकों और जमीनी बख्तरबंद वाहनों को निशाना बनाता है। यह धीमा, लेकिन बेहद सुरक्षित है। इसमें मौजूद टाइटेनियम का कवच पायलट और मुख्य प्रणालियों को सुरक्षा देता है। इसकी मदद से यह सीधे हमलों को भी झेल पाता है।
इसका मुख्य हथियार 30 मिलीमीटर की गैटलिंग गन है, जो सटीकता के साथ 4,000 राउंड प्रति मिनट की दर से भारी कवच-भेदी गोला-बारूद दाग सकती है। ए-10 युद्ध क्षेत्र के ऊपर लंबे समय तक मंडराकर निशाना साध सकता है। यह ऊबड़-खाबड़ हवाई पट्टियों से और कम दृश्यता में भी, यहां तक कि रात में भी, काम कर सकता है।
F-15E स्ट्राइक ईगल एक तेज रफ्तार वाला, दोहरी भूमिका निभाने वाला लड़ाकू विमान है। यह हवाई युद्ध और जमीनी हमले के मिशन को अंजाम दे सकता है। इस विमान में दो क्रू सदस्य होते हैं- एक पायलट और एक हथियार प्रणाली अधिकारी। इनकी मदद से यह सैन्य विमान जटिल और लंबी दूरी के मिशनों को अंजाम दे पाता है।
यह मैक टू से भी ज्यादा रफ्तार से उड़ सकता है, अलग-अलग तरह के हथियारों से लैस इस विमान में लगे एडवांस्ड रडार और इन्फ्रारेड सिस्टम इसे दिन और रात और हर मौसम में लक्ष्यों पर प्रहार करने में मदद करते हैं, ईरान का कहना है कि उसने इन विमानों को मार गिराया है।