Rohtash Khileri: भारतीय पर्वतारोही रोहताश खिलेरी ने पर्वतारोहण के क्षेत्र में एक नया इतिहास रच दिया है। उन्होंने यूरोप की सबसे ऊंची चोटी माउंट एल्ब्रुस पर बिना किसी अतिरिक्त ऑक्सीजन के लगातार 24 घंटे बिताकर विश्व रिकॉर्ड बनाया है। माउंट एल्ब्रुस की ऊंचाई 5,642 मीटर (18,510 फीट) है और यहां मौसम बेहद कठोर माना जाता है।
अधिकारियों और अभियान से जुड़े सूत्रों के अनुसार, यह पर्वतारोहण इतिहास में पहली बार हुआ है जब किसी पर्वतारोही ने इतनी ऊंचाई पर पूरे 24 घंटे बिना ऑक्सीजन सहायता के समय बिताया हो। रोहताश खिलेरी ने इस उपलब्धि को हासिल करने के लिए करीब आठ वर्षों तक कठिन प्रशिक्षण और तैयारी की।
इस दौरान उन्हें कड़ाके की ठंड, तेज हवाओं और बर्फीले तूफानों जैसी कठिन परिस्थितियों का सामना करना पड़ा। सफेद बर्फ से ढके वातावरण और कम ऑक्सीजन में उन्होंने सिर्फ अपनी शारीरिक क्षमता, मानसिक मजबूती और अनुभव के बल पर खुद को संभाले रखा।
चोटी से नीचे उतरने के बाद दिए गए एक साक्षात्कार में रोहताश खिलेरी ने इस रिकॉर्ड को देश की शान और संघर्ष की भावना को समर्पित किया। उन्होंने कहा कि उनका उद्देश्य मानव क्षमता की सीमाओं को परखना और अंतरराष्ट्रीय मंच पर भारत का नाम रोशन करना था।
रूस के कॉकस पर्वत श्रृंखला में स्थित माउंट एल्ब्रुस अपने खतरनाक मौसम और तकनीकी कठिनाइयों के लिए जाना जाता है। ऐसे में वहां बिना ऑक्सीजन के 24 घंटे रुकना किसी भी पर्वतारोही के लिए बेहद चुनौतीपूर्ण माना जाता है।
रोहताश खिलेरी इससे पहले भी कई ऊंचे और कठिन पर्वत अभियानों को सफलतापूर्वक पूरा कर चुके हैं। उनकी इस ऐतिहासिक उपलब्धि की दुनियाभर के पर्वतारोहियों और साहसिक खेल जगत ने जमकर सराहना की है।