Manali: पर्यटकों को अपनी ओर खींच रहा है मनाली के करीब बसा ‘इग्लू विलेज’

Manali: इग्लू यानी बर्फ से बने घर को ज्यादातर भारतीयों ने या तो किताबों और टीवी में देखा या फिर इसे देखने के लिए उन्हें मोटी रकम खर्च कर दूसरे देशों का रूख करना पड़ा, हालांकि अब वे भारत में ही रहकर न सिर्फ इग्लू को देख सकते हैं बल्कि उसमें रह भी सकते हैं।

पूरी तरह से ठोस बर्फ से बने इग्लू आमतौर पर सुदूर आर्कटिक क्षेत्र से जुड़े होते हैं। हालांकि हिमाचल प्रदेश के मनाली के पास बसे सेथन गांव में, इस सर्दी में इग्लू फिर से दिखाई देने लगे हैं। हिमाचल प्रदेश के इस इग्लू विलेज के दीदार के लिए दूर-दूर से पर्यटक पहुंच रहे
हैं।

सेथन गांव में हर साल लगभग दो से तीन महीने तक लगातार बर्फबारी होती है। इसी दौरान अस्थायी इग्लू बनाए जाते हैं। इग्लू बनाने के लिए समय और मौसम का अनुकूल होना बेहद जरूरी है। करीब दो दशक पहले गांव के दो युवाओं ने ईग्लू बनाने के बारे में सोचा। फिर उन्होंने इसे हकीकत में बदलने की कोशिशें शुरू कर दीं। मुश्किलें सामने आईं लेकिन जल्द ही बेहतर नतीजा दिखने लगा, इग्लू विलेज अब पर्यटकों के बीच खास पहचान बना चुका है।

हर इग्लू को बनाने में कई दिन लगते हैं और यह पूरी तरह से इस बात पर निर्भर करता है कि बर्फबारी कैसी और कितनी हुई है। चुनौतियां कई हैं, लेकिन पर्यटक अब बड़ी संख्या में इग्लू विलेज का रुख कर रहे हैं।

सेथन गांव में रहने वाले लोगों के लिए ये इग्लू सर्द मौसम में रोजीरोटी कमाने का जरिया बन चुके हैं। इसने न सिर्फ इलाके में पर्यटन को बढ़ावा दिया है बल्कि एक ऐसे पहाड़ी गांव को भी भारत के शीतकालीन पर्यटन मानचित्र पर जगह दिला दी है जिसके बारे में कम लोग ही जानते थे।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *