Lucknow: अध्यात्म और विरासत के खजाने से समृद्ध उत्तर प्रदेश, सीएम योगी के नेतृत्व में अब पर्यटन का सुपर पावर भी बन रहा है। एक तरफ जहां अयोध्या और काशी को वैश्विक पहचान मिल रही है वहीं राजधानी लखनऊ भी इस क्षेत्र में नई ऊंचाइयों की ओर बढ़ रही है। उत्तर प्रदेश राज्य पर्यटन विकास निगम ने लखनऊ दर्शन इलेक्ट्रिक डबल डेकर बस सेवा शुरू की है। यह बस सेवा सुबह और शाम संचालित की जा रही है। इसमें बच्चों के लिए 400 रुपये और 12 साल से ज्यादा उम्र के लोगों का 500 रुपये किराया तय किया गया है।
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने बताया कि “आज आपको एक नया उत्तर प्रदेश देखने को मिल रहा होगा। और यह पर्यटन के माध्यम से हम केवल किसी एक स्थल विशेष का, किसी धार्मिक, हेरिटेज, ईको-टूरिज़्म या एडवेंचर टूरिज़्म से जुड़े स्थल का विकास नहीं कर रहे हैं, बल्कि इसके माध्यम से वहाँ के समग्र विकास, उसके ईको-सिस्टम और वहाँ के रोज़गार से जुड़े पूरे सिस्टम को गति देने का कार्य कर रहे हैं
यह हाईटेक, पर्यावरण के अनुकूल बस राजधानी के ऐतिहासिक, सांस्कृतिक और दर्शनीय स्थलों से पर्यटकों को रूबरू करा रही है। 1090 चौराहे से शु्रू तीन घंटे की यात्रा बेहद रोमांचक होती है। राजभवन की भव्यता से हजरतगंज की चहल-पहल, बेगम हजरत महल पार्क, छतर मंजिल की शाही विरासत से गुजरते हुए 1857 की क्रांति की गवाह रेजीडेंसी इसका अहम पड़ाव है। विधानसभा का लोकतांत्रिक स्वरूप, अंबेडकर पार्क, गोमती रिवर फ्रंट के खूबसूरत रास्तों से होते हुए यूपी दर्शन पार्क पहुंचती है, जहां पूरे प्रदेश की झलक एक साथ मिलती है।
उत्तर प्रदेश राज्य पर्यटन विकास निगम के प्रबंध निदेशक आशीष कुमार ने बताया कि “डबल डेकर बस ई-सेवा के माध्यम से यह प्रयास है कि लखनऊ में आने वाले पर्यटकों को और लखनऊवासियों को लखनऊ का एक विशेष दर्शन कराया जाए। डबल डेकर बस होने के कारण यात्रियों को एक एलिवेटेड (ऊँचाई से देखने का) अनुभव भी दिया जा रहा है
डबल डेकर ई-बस में ड्राइवर सहित 66 यात्रियों के बैठने की क्षमता है। यात्रा के दौरान पर्यटकों की सुविधा और पर्यावरण का खास ख्याल रखा गया है। बस में जलपान की व्यवस्था की गई है। सबसे खास बात कि टिकट बीज युक्त कागज से बना है, जिसे मिट्टी में डालने पर तुलसी का पौधा उगता है। यही कारण है कि इसे लेकर लोगों में खासा उत्साह है।
यह पहल दर्शाती है कि योगी सरकार के लिए पर्यटन केवल भ्रमण नहीं, बल्कि संस्कृति, सुविधा और प्रकृति का संतुलित संगम है। लखनऊ दर्शन, जहां इतिहास रास्ता दिखाता है, विकास साथ चलता है और हर टिकट से भविष्य हरा-भरा बनता है।