Year Ender 2025: सोने और चांदी जैसी कीमती धातुओं के लिए 2025 शानदार साल रहा। दोनों ही धातुओं की कीमतों में भारी वृद्धि हुई। साल के शुरू में सोने की कीमत लगभग 71 हजार 500 रुपये प्रति 10 ग्राम थी, जो 2025 के अंतिम सोमवार को बढ़कर 1 लाख 39 हजार रुपये प्रति 10 ग्राम हो गई। यानी लगभग 80 प्रतिशत की वृद्धि। इसी अवधि में, चांदी की कीमत 150 प्रतिशत से ज्यादा बढ़ी। चांदी की कीमत साल के शुरू में 90 हजार 500 रुपये प्रति किलो से बढ़कर अंत आते-आते दो लाख 32 हजार रुपये प्रति किलो हो गई।
पारंपरिक रूप से भारतीय बाजार में गहने बनाने के लिए भारी मात्रा में सोने और चांदी का व्यापार होता रहा है, लेकिन दोनों धातुओं से भारी मुनाफे ने बड़ी संख्या में निवेशकों को बुलियन बाजार की ओर आकर्षित किया है। निवेशकों को सुरक्षा और अच्छा मुनाफा देने के कारण सोना लंबी अवधि के निवेश के लिए पसंदीदा विकल्प है। इस साल बुलियन बाजार में एक असामान्य प्रवृत्ति दिखी। अलग-अलग क्षेत्रों से चांदी की मांग बढ़ रही है। चांदी ने सोने को पीछे छोड़ दिया। अभी ये सिलसिला जारी रहने की उम्मीद है।
जानकारों का मानना है कि 2026 में दोनों धातुओं की कीमतें और बढ़ने के आसार हैं, क्योंकि निकट भविष्य में अमेरिकी टैरिफ में बढ़ोतरी के कारण वैश्विक अर्थव्यवस्था में मंदी के कोई संकेत नहीं हैं। सोने और चांदी की कीमतों में वृद्धि का एक और महत्वपूर्ण कारण 2025 में अमेरिकी फेडरल रिजर्व का बार-बार ब्याज दरों में कटौती करना भी है। इससे इन धातुओं जैसी गैर-लाभकारी संपत्तियों को फायदा हुआ। जानकारों के मुताबिक उभरते बाजारों में बढ़ती मांग भी आने वाले साल में सोने और चांदी की कीमतों में उछाल को बढ़ावा देगी।