Jammu Kashmir: कश्मीर घाटी में थोड़ी राहत के बाद लगातार दूसरे दिन शुक्रवार को ठंड का कहर जारी रहा। आसमान साफ रहा और न्यूनतम तापमान शून्य से नीचे लुढ़क गया। इस हफ्ते की शुरुआत में हुई बर्फबारी और बारिश के बाद रात में आसमान में बादल छाए रहने की वजह से कश्मीर में लोगों को कड़ाके की ठंड से थोड़ी राहत मिली थी।
श्रीनगर में शुक्रवार सुबह न्यूनतम तापमान माइनस 0.2 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। श्रीनगर में रहने वाले लोगों को अब भी बर्फबारी का इंतजार है। हालांकि मौसम विभाग ने भविष्यवाणी की है कि 30 दिसंबर से पहले इसकी संभावना नहीं है।
मौसम विभाग के मुताबिक, शनिवार के बाद न्यूनतम तापमान में बढ़ोतरी देखने को मिल सकती है। कश्मीर घाटी में 21 दिसंबर से शुरु हुआ चिल्लई कलां यानी कठोर सर्दी का सबसे मुश्किल दौर जारी है। ये वक्त आम तौर पर यहां के लोगों के लिए काफी मुश्किल होता है। इस दौरान भारी बर्फबारी होती है और तापमान लगातार शून्य से नीचे बना रहता है। इस वजह से झीलों, तालाबों और पानी के पाइपों पर बर्फ जम जाती है और लोगों को दिक्कतों से जूझना पड़ता है।
इतने मुश्किल हालातों के बावजूद लोग मौसम में जल्द बदलाव आने का इंतजार कर रहे हैं। लंबे वक्त से जारी खुश्क मौसम की वजह से उन्हें न सिर्फ ठंड से ठिठुरना पड़ रहा है बल्कि सेहत पर भी इसका असर दिख रहा है। कई लोग बेहतर कमाई की आस लगाए भी बर्फबारी का इंतजार कर रहे हैं क्योंकि इसे देखने के लिए ही बड़ी तादाद में सैलानी घाटी का रुख करते हैं।