Kedarnath: बारिश और भूस्खलन की प्रवाह किये बगैर कठिन पैदल यात्रा करके भक्त अपने आराध्य बाबा केदार के दर्शनों के लिये पहुंच रहे हैं। केदार धाम में सुबह से ही बाबा केदार के दर्शनों के लिये भीड़ लगी हुई है, प्रशासन की ओर से भक्तों को बारी-बारी से बाबा केदार के स्वयं भू लिंग के दर्शन कराए जा रहे हैं। भक्त भी बाबा केदार के दर्शन करके बहुत खुश हैं, अभी तक 10 लाख 80 हजार भक्त बाबा के दरबार में मत्था टेक चुके हैं।
सावन का महीना भगवान शिव को अतिप्रिय होता है, यही कारण है कि केदारनाथ धाम में इन दिनों भक्तों की भीड़ उमड़ रही है। मानसून का सीजन चल रहा है और पहाड़ों में लगातार बारिश हो रही है, लेकिन बारिश और भूस्खलन की प्रवाह किये बगैर ही भक्त बाबा केदार के दरबार में कठिन पैदल यात्रा करके पहुंच रहे हैं, 10 मई को भगवान केदारनाथ के कपाट खुले थे और अभी तक रिकार्ड 10 लाख 80 हजार भक्त बाबा केदार के दर्शन कर चुके हैं। जून अंतिम सप्ताह से भक्तों की भीड़ कुछ कम हो गई थी, लेकिन सावन शुरू होते ही भक्तों की संख्या में इजाफा हो गया है और प्रत्येक 25 सौ से अधिक भक्त बाबा केदार के दर्शन कर रहे हैं।
धाम में इन दिनों कांवड़ यात्रियों की भीड़ अधिक है, भक्तों के लिये प्रशासन ने इस बार विशेष इंतजाम किये हैं। भक्त बारिश में न भीगे, इसके लिये आस्था पथ पर लाइन में लगाकर दर्शन करवाए जा रहे हैं। इसके साथ ही पैदल मार्ग सहित धाम में प्रशासन की ओर से मेडिकल की भी सुविधा की गई है और पैदल मार्ग सहित धाम में जगह-जगह सुरक्षा की दृष्टि से एसडीआरएफ, पुलिस, यात्रा मैनेजमेंट फोर्स, पीआरडी, होमगार्ड और एनडीआरएफ के जवान तैनात किये गये हैं। इसके अलावा यात्रा की प्रत्येक गतिविधि पर सीसीटीवी कैमरों के जरिये नजर रखी जा रही है। धाम पहुंचने वाले कांवड़ यात्रियों को भी कोई दिक्कतें न हो, इसका पूरा ख्याल रखा जा रहा है।
धाम पहुंच रहे भक्तों का कहना है कि रास्ते से लेकर धाम में उन्हे कोई परेशानी नहीं हो रही है। वह आराम से दर्शन करते हुये बाबा केदार का जलाभिषेक कर रहे हैं। केदारनाथ के वेदपाठी स्वयंभर सेमवाल का कहना है कि सावन के महीने में बाबा केदार के दर्शन करने से मनुष्य के सभी पाप दूर होते हैं।