IOA Elections: आईओए चुनाव लड़ने के इच्छुक नहीं हैं अभिनव बिंद्रा

IOA Elections: भारत के पहले व्यक्तिगत ओलंपिक स्वर्ण पदक विजेता निशानेबाज अभिनव बिंद्रा ने शुक्रवार को भारतीय ओलंपिक संघ (आईओए) के कार्यकारी बोर्ड का चुनाव लड़ने की संभावना से इनकार करते हुए कहा कि उनकी इसमें कोई दिलचस्पी नहीं है। बिंद्रा उन 80 पूर्व खिलाड़ियों में शामिल हैं जिन्हें उत्कृष्ट योग्यता वाले खिलाड़ियों (एसओएम) की सूची में जगह मिली है। नौ नवंबर को इस सूची में से आठ खिलाड़ियों का चयन किया जाएगा।

चुने गए आठ खिलाड़ियों को मतदान का अधिकार मिलेगा और वे पांच दिसंबर को होने वाले आईओए चुनाव में भी उम्मीदवार बन सकेंगे। पिछले चुनाव में एसओएम सूची में शामिल पी.टी. उषा आईओए की अध्यक्ष बनी थीं। इस बार चुने जाने वाले आठ खिलाड़ियों में से दो को 15 सदस्यीय महत्वपूर्ण कार्यकारी परिषद में जगह मिलेगी। बीजिंग ओलंपिक 2008 में 10 मीटर एयर राइफल स्पर्धा का स्वर्ण पदक जीतने वाले बिंद्रा ने हालांकि कहा कि वह किसी भी कार्यकारी पद के इच्छुक नहीं हैं। आईओए चुनाव लड़ने की इच्छा के बारे में पूछे जाने पर बिंद्रा ने कहा, ‘‘नहीं, मुझे ऐसा नहीं लगता। नहीं।’’ बिंद्रा ने ये बात ‘अग्रसर भारत मंच 2026’ सम्मेलन से इतर कही।

बिंद्रा के अलावा मौजूदा आईओए अध्यक्ष उषा, बीजिंग ओलंपिक के कांस्य पदक विजेता मुक्केबाज विजेंदर सिंह, लंदन ओलंपिक पदक विजेता निशानेबाज गगन नारंग, पहलवान योगेश्वर दत्त और बैडमिंटन की दिग्गज खिलाड़ी साइना नेहवाल भी एसओएम की स्वीकृत सूची में शामिल हैं। विश्व चैंपियनशिप की पूर्व पदक विजेता अंजू बॉबी जॉर्ज, भारतीय एथलेटिक्स महासंघ के पूर्व अध्यक्ष आदिले सुमरिवाला और तीरंदाज डोला बनर्जी भी चुनाव लड़ेंगी।

प्रत्येक श्रेणी में 10 नाम आरक्षित सूची में रखे गए हैं। बिंद्रा ने कहा कि भारतीय खिलाड़ियों ने आइची-नागोया एशियाई खेलों में अच्छा प्रदर्शन करते हुए पदक तालिका में चौथा स्थान हासिल किया, हालांकि वे पिछले चरण के पदकों की संख्या को पीछे नहीं छोड़ सके। भारत ने इन खेलों में 21 स्वर्ण, 27 रजत और 37 कांस्य सहित कुल 85 पदक जीते। हांगझोउ में हुए एशियाई खेलों में भारत ने 28 स्वर्ण, 38 रजत और 41 कांस्य सहित कुल 107 पदक हासिल किए थे।

बिंद्रा ने कहा, ‘‘हमने अच्छा प्रदर्शन किया। खेलों में हमेशा उतार-चढ़ाव आते हैं। कुछ सफलताएं मिलती हैं और कुछ मौकों पर निराशा हाथ लगती है, लेकिन यही खेल का हिस्सा है। कुल मिलाकर कुछ प्रदर्शन प्रेरणादायक रहे, जबकि कुछ से निराशा हुई।’’ उन्होंने कहा, ‘‘खेल का मतलब अपनी गलतियों से सीखना और अगली बार बेहतर करने की कोशिश करना है। अब जब एशियाई खेल खत्म हो गए हैं तो खिलाड़ियों को ये आकलन करना चाहिए कि उन्होंने क्या अच्छा किया और कहां बेहतर कर सकते थे। इससे उन्हें दो साल बाद लॉस एंजिलिस में होने वाले खेलों की तैयारी में मदद मिलेगी।’’

भारत ने जापान के आइची-नागोया में 2026 एशियाई पैरा खेलों में भी अपना अब तक का सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन किया। भारतीय खिलाड़ियों ने 30 स्वर्ण, 35 रजत और 49 कांस्य सहित कुल 114 पदक जीते। बिंद्रा ने पैरा खिलाड़ियों की उपलब्धियों की तारीफ करते हुए कहा, ‘‘हमारे पैरा खिलाड़ियों ने जो किया है, वह अविश्वसनीय है। वे लगातार देश का गौरव बढ़ा रहे हैं। एशियाई पैरा खेलों में भारत ने अपना अब तक का सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन दर्ज किया है। इनमें से हर खिलाड़ी प्रेरणादायक है। वे मुझे हर दिन प्रेरित करते हैं। मैं उन सभी को दिल से बधाई देता हूं।’’

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *