Prayagraj: गंगा और यमुना नदी के बढ़ते जलस्तर ने उत्तर प्रदेश में प्रयागराज के त्रिवेणी संगम का नजारा पूरी तरह बदल दिया है। उफनती नदियों ने कंक्रीट की घाट सीढ़ियों को डुबो दिया है। तेज बहाव और ऊंची लहरों को देखते हुए फ्लोटिंग रेस्तरां को अगले आदेश तक पूरी तरह से बंद कर दिया गया है, इसकी वजह से पर्यटकों को मायूस होकर लौटना पड़ा।
भले ही दोनों नदियां अब भी खतरे के निशान से काफी नीचे बह रही हों, लेकिन अधिकारियों ने एहतियात के तौर पर संगम पर सभी तरह की बोटिंग सेवाओं को रोक दिया है।
पर्यटकों का कहना है कि “यहां पर गंगा-यमुना का जलस्तर बहुत तेजी से बढ़ा हुआ है। अभी खतरे के निशान से काफी नीचे है, मगर यहां पर खतरे को देखते हुए फ्लोटिंग रेस्टोरेंट वगैरह सब बंद कर दिए गए हैं और हम यहां बोटिंग करने के लिए आए हुए थे लेकिन सारी चीजें बंद कर दी गई हैं खतरे को देखते हुए। जलस्तर को देखते हुए यहां पर फ्लोटिंग रेस्टोरेंट को बंद कर दिया गया है, यहां पर सिक्योरिटी को मना किया है कि यहां पर जलस्तर, बहाव बहुत तेज है, बढ़ रहा है, इसकी वजह से यहां पर बोटिंग वगैरह सब बंद कर दिया गया है।”))
ऊपरी इलाकों में बारिश की वजह से नदियों का जलस्तर लगातार बढ़ रहा है, इसलिए प्रशासन ने संगम इलाके में सुरक्षा के इंतजाम बढ़ा दिए हैं। निचले और नदी किनारे रहने वाले लोगों को सतर्क रहने की सलाह दी है।