CJP Protest: PM मोदी के ऐलान पर बोली CJP- सबसे जरूरी है शिक्षा मंत्री का इस्तीफा

CJP Protest: नीट-यूजी पेपर लीक विवाद और छात्रों के विरोध के बीच प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने एक्स पर पोस्ट किया। उन्होंने मामले में फास्ट ट्रैक कोर्ट बनाने और दोषियों को जल्द सख्त सजा दिलाने की घोषणा की, इस पर कॉकरोच जनता पार्टी (सीजेपी) ने पेपर लीक के मूल कारणों पर सवाल उठाए।

जंतर-मंतर पर प्रदर्शनकारियों ने कहा कि सख्त सजा नहीं, बल्कि पेपर लीक रोकने की व्यवस्था और शिक्षा मंत्री की जवाबदेही ही स्थायी समाधान है। पेपर लीक इसलिए हो रहे हैं क्योंकि व्यवस्था में नाकाबिल लोग बैठे हैं। उन्होंने जिम्मेदारी तय करने और दोषियों के मन में डर पैदा करने की बात कही। छात्रों का कहना है कि व्यवस्था को मजबूत करने पर जोर दिया ताकि पेपर लीक की गुंजिश न रहे। उन्होंने आरोप लगाया कि पेपर लीक एक संगठित गिरोह के जरिये होता है। इसमें नीचे से लेकर ऊपर तक कई लोग शामिल होते हैं और आर्थिक लाभ उठाते हैं। रांका ने कहा कि केवल कार्रवाई पर्याप्त नहीं है, बल्कि उस व्यवस्था को बदलना जरूरी है। उन्होंने पीएम के एक्स पोस्ट पर टिप्पणी की कि यह चोट लगने के बाद मरहम लगाने जैसा है। उनकी लड़ाई चोट लगने के कारणों को लेकर है।

सीजेपी की मांगें और आरोप
आशुतोष रांका ने कहा कि फास्ट ट्रैक कोर्ट बनाना समस्या का स्थायी समाधान नहीं है। उन्होंने बताया कि देश में कई बड़े मामलों में ऐसे कोर्ट बने, पर मूल समस्या खत्म नहीं हुई। सरकार ने मूल कारणों और व्यवस्था से जुड़ी खामियों को दूर नहीं किया। रांका ने शिक्षा व्यवस्था की समस्याओं की जड़ अक्षमता और भ्रष्टाचार को बताया। उन्होंने कहा कि इसकी जिम्मेदारी शिक्षा मंत्रालय तक जाती है। रांका ने धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे तक अपना आंदोलन जारी रखने की घोषणा की।
छात्रों और प्रदर्शनकारियों की प्रतिक्रिया
जंतर-मंतर पर धरने पर बैठे छात्रों और प्रदर्शनकारियों ने भी प्रधानमंत्री के बयान पर प्रतिक्रिया दी। एक प्रदर्शनकारी ने कहा कि प्रधानमंत्री को सबसे पहले छात्रों की आवाज सुननी चाहिए। लाखों युवा सड़क पर हैं, पर उनकी समस्याओं पर ध्यान नहीं दिया जा रहा है। प्रदर्शनकारी ने शांतिपूर्ण आंदोलन की बात कही और बातचीत से समाधान की इच्छा जताई। उन्होंने कहा कि उन्हें आंदोलन का रास्ता बदलने पर मजबूर न किया जाए। एक अन्य छात्र ने संसद मार्च के दौरान लाठीचार्ज और दुर्व्यवहार का आरोप लगाया।

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