Rampur: मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने रामपुर जिले में 690 करोड़ रुपये की विकास परियोजनाओं के लोकार्पण और शिलान्यास के दौरान समाजवादी पार्टी और कांग्रेस पर जमकर निशाना साधा। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि एक समय था जब यहां पर गरीबो की जमीनों पर कब्जा होता था,बाल्मीकि समुदाय को जमीनों से जबरन वंचित कर दिया जाता था, सत्ता जब निरंकुश होती है, अन्याय का पर्याय बन जाती है।
मुख्यमंत्री योगी ने समाजवादी पार्टी और कांग्रेस पर तीखा हमला बोलते हुए कहा कि 2017 से पहले प्रदेश में विरासत का अपमान होता था। कांवड़ यात्रा और धार्मिक आयोजनों में बाधाएं आती थीं और सरकारी भर्तियों में भ्रष्टाचार और वसूली होती थी। उन्होंने आरोप लगाया कि सपा शासन में गरीबों की जमीनों पर कब्जे किए गए।
समाजवादी पार्टी में यहां के दलितों गरीबो की आवाज़ को उसी अन्यायी सत्ता ने बंद करने का काम किया था,जब भी सत्ता अन्यायी होती है तो जनता जनार्दन उसको पलट देती है। रामपुर से निकला संदेश पूरा प्रदेश में गया था,समाजवादी पार्टी की निरंकुश सत्ता को बदलने का काम हुआ, आज रामपुर को नई पहचान मिली।
याद करिये, यही प्रदेश था, पहचान का संकट था, न बेटी सुरक्षित थी, न व्यापारी सुरक्षित था। अन्नदाता किसान आत्महत्या करने को मजबूर था, नौजवान को रोजगार नही,कोई सरकारी विज्ञापन निकलता था तो चाचा भतीजे की जोड़ी वसूली के लिए निकल पड़ती थी। न्यायालय को उसपर रोक लगानी पड़ती थी, विकास सड़क पुल के लिए सरकार के पास कोई पैसा नही होता था,विकास सिर्फ दो लोगो का होता था,या तो सैफई परिवार का या रामपुर के एक परिवार का,बाकी लोग वंचित रहते थे। इन्होंने सामाजिक ताने बाने के छिन्न भिन्न किया,जनभावनाओं के साथ खिलवाड़ किया,विरासत को अपमानित करने के लिए समाजवादी पार्टी ने कोई कोर कसर नही छोड़ी थी।..
जिस उत्तरप्रदेश में विरासत का अपमान समाजवादी पार्टी की सरकार में होता था,वो कहते थे कावड़ यात्रा नही निकलने देंगे,पर्व त्योहार के पहले दंगे फसाद उत्तरप्रदेश की पहचान बन गई थी,जन्माष्टमी नही करने दिया जाता था,आज कावड़ यात्रा, दुर्गापूजा शानदार तरीके से होती है,कोई रोकटोक नही, आज भगवान रामभक्ति की दुहाई कौन दे रहा है! 2017 के पहले जो जयश्रीराम बोलने पर जो लाठी मारते थे।
2017 के पहले जब उत्तरप्रदेश में रामभक्त कहता था कि “रामलला हम आएंगे, मंदिर वहीं बनाएंगे”.. उन रामभक्तों पर जो गोली चलाते थे आज वो आस्था की वकालत करते दिखाई देते हैं. ये आपकी ताकत है कि आज उनको आप का पिछलग्गू बनने के लिए मजबूर होना पड़ रहा है। अब उन्हें अपने आप पर कर्मो पर पश्चाताप होता होगा कि समाजवादी पार्टी गलत थी..
उन्होंने कहा कि अयोध्या, काशी, प्रयागराज का विकास नए उत्तर प्रदेश की पहचान बन चुका है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में विरासत और विकास साथ-साथ आगे बढ़ रहे हैं।
Rampur: ‘रामभक्तों पर गोलियां चलती थीं, अब अयोध्या जाने की होड़’, मुख्यमंत्री योगी का सपा पर निशाना
Rampur: मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने रामपुर जिले में 690 करोड़ रुपये की विकास परियोजनाओं के लोकार्पण और शिलान्यास के दौरान समाजवादी पार्टी और कांग्रेस पर जमकर निशाना साधा। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि एक समय था जब यहां पर गरीबो की जमीनों पर कब्जा होता था,बाल्मीकि समुदाय को जमीनों से जबरन वंचित कर दिया जाता था, सत्ता जब निरंकुश होती है, अन्याय का पर्याय बन जाती है।
मुख्यमंत्री योगी ने समाजवादी पार्टी और कांग्रेस पर तीखा हमला बोलते हुए कहा कि 2017 से पहले प्रदेश में विरासत का अपमान होता था। कांवड़ यात्रा और धार्मिक आयोजनों में बाधाएं आती थीं और सरकारी भर्तियों में भ्रष्टाचार और वसूली होती थी। उन्होंने आरोप लगाया कि सपा शासन में गरीबों की जमीनों पर कब्जे किए गए।
समाजवादी पार्टी में यहां के दलितों गरीबो की आवाज़ को उसी अन्यायी सत्ता ने बंद करने का काम किया था,जब भी सत्ता अन्यायी होती है तो जनता जनार्दन उसको पलट देती है। रामपुर से निकला संदेश पूरा प्रदेश में गया था,समाजवादी पार्टी की निरंकुश सत्ता को बदलने का काम हुआ, आज रामपुर को नई पहचान मिली।
याद करिये, यही प्रदेश था, पहचान का संकट था, न बेटी सुरक्षित थी, न व्यापारी सुरक्षित था। अन्नदाता किसान आत्महत्या करने को मजबूर था, नौजवान को रोजगार नही,कोई सरकारी विज्ञापन निकलता था तो चाचा भतीजे की जोड़ी वसूली के लिए निकल पड़ती थी। न्यायालय को उसपर रोक लगानी पड़ती थी, विकास सड़क पुल के लिए सरकार के पास कोई पैसा नही होता था,विकास सिर्फ दो लोगो का होता था,या तो सैफई परिवार का या रामपुर के एक परिवार का,बाकी लोग वंचित रहते थे। इन्होंने सामाजिक ताने बाने के छिन्न भिन्न किया,जनभावनाओं के साथ खिलवाड़ किया,विरासत को अपमानित करने के लिए समाजवादी पार्टी ने कोई कोर कसर नही छोड़ी थी।..
जिस उत्तरप्रदेश में विरासत का अपमान समाजवादी पार्टी की सरकार में होता था,वो कहते थे कावड़ यात्रा नही निकलने देंगे,पर्व त्योहार के पहले दंगे फसाद उत्तरप्रदेश की पहचान बन गई थी,जन्माष्टमी नही करने दिया जाता था,आज कावड़ यात्रा, दुर्गापूजा शानदार तरीके से होती है,कोई रोकटोक नही, आज भगवान रामभक्ति की दुहाई कौन दे रहा है! 2017 के पहले जो जयश्रीराम बोलने पर जो लाठी मारते थे।
2017 के पहले जब उत्तरप्रदेश में रामभक्त कहता था कि “रामलला हम आएंगे, मंदिर वहीं बनाएंगे”.. उन रामभक्तों पर जो गोली चलाते थे आज वो आस्था की वकालत करते दिखाई देते हैं. ये आपकी ताकत है कि आज उनको आप का पिछलग्गू बनने के लिए मजबूर होना पड़ रहा है। अब उन्हें अपने आप पर कर्मो पर पश्चाताप होता होगा कि समाजवादी पार्टी गलत थी..
उन्होंने कहा कि अयोध्या, काशी, प्रयागराज का विकास नए उत्तर प्रदेश की पहचान बन चुका है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में विरासत और विकास साथ-साथ आगे बढ़ रहे हैं।