IPL 2026: आईपीएल 2026 का लीग राउंड अब खत्म होने के करीब पहुंच गया है लेकिन प्ले ऑफ की सभी टीम अभी तक फाइनल नहीं हो पाई हैं। लखनऊ सुपर जायंट्स और मुंबई इंडियंस ही आधिकारिक तौर पर टॉप फोर की दौड़ से बाहर हुई हैं, जबकि मौजूदा चैंपियन रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु और गुजरात टाइटन्स 16 अंकों के साथ टॉप टू में हैं। मौजूदा हालात को देखते हुए कौन सी टीम कैसे प्ले ऑफ में पहुंच सकती है, इसका पूरा समीकरण हम आपको समझाते हैं।
लखनऊ सुपर जायंट्स से मिली हार ने पांच बार की चैंपियन चेन्नई सुपर किंग्स को बड़ा झटका दिया है, लेकिन उनकी उम्मीदें अभी भी जिंदा हैं। सनराइजर्स हैदराबाद और गुजरात टाइटन्स के खिलाफ अपने बचे हुए मैच जीतकर सीएसके 16 अंक तक पहुंच सकती है।
अगर सीएसके के 14 अंक ही रह जाते हैं तो भी वो प्ले ऑफ की रेस में बनी रह सकती है लेकिन इसके लिए उस एक मैच को अच्छे अंतर से जीतना होगा। वैसे इस सीजन में 16 अंक भी प्ले ऑफ में पहुंचने की गारंटी नहीं देते, क्योंकि चार और टीम इस आंकड़े को छू सकती हैं।
इस आईपीएल में आरसीबी और गुजरात टाइटन्स सबसे आरामदायक स्थिति में हैं। एक और जीत से प्लेऑफ में उनकी जगह पक्की हो जाएगी। दोनों टीमें टॉप टू में जगह बनाने की कोशिश कर रही हैं लिहाजा दोनों ही अपने बचे हुए मैच जीतने का प्रयास करेंगी।
अपने आखिरी तीन मैचों में से दो हारने के बावजूद, एसआरएच अभी भी अपनी किस्मत खुद तय कर सकती है। बचे हुए दोनों मैच जीतने पर वे 18 अंक तक पहुंच जाएंगे और अगर आरसीबी या जीटी में से कोई भी हारता है तो टॉप टू में एसआरएच को जगह बनाने का मौका भी मिल सकता है।
शुरुआत में पंजाब किंग्स का प्ले ऑफ में पहुंचना तय माना जा रहा था क्योंकि उसने सात मैच लगातार जीते थे लेकिन उसके बाद के पांच मैच लगातार हारने से वो मुश्किलों में फंस गई है। अभी पीबीकेएस के 13 अंक हैं और वो इतने ही अंकों के साथ प्ले ऑफ में पहुंच सकती है लेकिन यह रास्ता बेहद मुश्किल है। अगर पीबीकेएस बाकी दोनों मैच जीत जाती है तो उसके 17 अंक हो जाएंगे। अगर राजस्थान रॉयल्स कम से कम एक मैच हार जाती है तो पीबीकेएस का प्ले ऑफ में पहुंचना तय हो जाएगा।
शुक्रवार रात सीएसके और एलएसजी के बीच हुए मैच का नतीजा भी आरआर के हिसाब से ठीक रहा। राजस्थान रॉयल्स अपने बचे हुए तीनों मैच जीतकर अभी भी 18 अंक तक पहुंच सकती है। दिल्ली कैपिटल्स पर जीत उनकी स्थिति को और मजबूत कर देगी।
एसआरएच के साथ-साथ, आरआर उन चुनिंदा टीमों में से एक है जो 18 अंकों का आंकड़ा छू सकती हैं। फिलहाल, उनका भविष्य पूरी तरह से उनके अपने हाथों में है, लेकिन एक भी चूक पूरी तस्वीर बदल सकती है।
कोलकाता नाइट राइडर्स और डीसी के लिए अब गलती की गुंजाइश न के बराबर है। उनकी क्वालिफिकेशन की उम्मीदें अब जितनी खुद पर टिकी हैं, उतनी ही दूसरी टीमों के प्रदर्शन पर भी हैं।
केकेआर ने लगातार चार जीत के साथ अपनी उम्मीदें ज़िंदा रखीं, लेकिन आरसीबी से मिली हार का मतलब है कि अब वे ज़्यादा से ज़्यादा 15 अंक ही हासिल कर सकते हैं। कई टीमें इस आंकड़े को पार करने में सक्षम हैं, ऐसे में केकेआर की स्थिति नाजुक बनी हुई है। अगर दूसरी टीमों के नतीजे उनके पक्ष में आते हैं, तो 13 अंकों के साथ भी उनके क्वालिफिकेशन की दौड़ में बने रहने की थोड़ी सी संभावना है।
पंजाब किंग्स पर मिली जीत ने दिल्ली कैपिटल्स की उम्मीदों को जिंदा तो रखा है लेकिन बहुत कम। अपने आखिरी दो मैच बड़े अंतर से जीतकर 14 अंक हासिल करें, और फिर उम्मीद करें कि दूसरी टीमों के नतीजे भी उनके हिसाब से आएं तो डीसी भी टॉप फोर में पहुंच सकती है।